कटनी। कटनी की तत्कालीन अपर कलेक्टर उमा माहेश्वरी के विरूद्ध भारत सरकार कार्मिक मंत्रालय के अवर सचिव संजय कुमार ने म.प्र.के मुख्य सचिव को आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश जारी किए हैं। उल्लेखनीय है कि कटनी जिले में उप जिला निर्वाचन अधिकारी रहते हुए IAS उमा माहेश्वरी ने निर्वाचन कार्य की फोटो ग्राफी से संबंधित निविदा प्रक्रिया में गोलमाल किया था।जिसके बाद उच्च न्यायालय जबलपुर में याचिका दायर याचिका में निविदा प्रक्रिया को निरस्त कर पुनः निविदा करने का आदेश हुआ था।साथ ही उच्च न्यायालय जबलपुर ने IAS उमा माहेश्वरी के विरूद्ध भी टिप्पणी की थी।परन्तु IAS उमा माहेश्वरी पर कोई कार्यवाही नहीं हुई।
भाजपा नेता पद्मेश गौतम ने उच्च न्यायालय जबलपुर के आदेश का हवाला देते हुए भारत सरकार को शिकायत की थी।जिसमें बताया गया है। कि कटनी जिले में लोकसभा चुनाव के लिए अपर कलेक्टर श्रीमती उमा माहेश्वरी (IAS)को उप जिला निर्वाचन अधिकारी बनाया गया था। जिला निर्वाचन अधिकारी रहते हुए श्रीमती उमा माहेश्वरी ने निर्वाचन कार्य के वीडियोग्राफी टेन्डर में भ्रष्टाचार करते हुए नियम विरूद्ध अपात्र संस्था को टेन्डर दिया था। जिसमें श्री स्टूडियो कटनी द्वारा मा.उच्च न्यायालय जबलपुर में याचिका दायर की गई थी। माननीय उच्च न्यायालय जबलपुर में दायर याचिका क्र.25737/2018 में माननीय उच्च न्यायालय ने आदेश पारित किया है कि इनके द्वारा चुनाव की वीडियोग्राफी का टेन्डर आयोग के नियमो के विपरीत किया गया है।उच्च न्यायालय ने पारित आदेश दिनांक 19/03/2019 में लोकसभा चुनाव वीडियोग्राफी टेन्डर निरस्त कर उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीमती उमा माहेश्वरी को दोषी मानते हुए मनमाने द्वेषपूर्ण आचरण की निंदा की है तथा रिकार्ड में लिए जाने के आदेश दिए हैं।एवं10 दिवष में पुनः वीडियोग्राफी के टेन्डर बुलाकर कार्यवाही करने को कहा गया। स्पष्ट है कि IAS उमा माहेश्वरी द्वारा भ्रष्टाचार कर निर्वाचन आयोग के नियमो के विपरीत टेन्डर जारी किया था। भाजपा नेता ने उच्च न्यायालय जबलपुर के आदेशानुसार श्रीमती उमा माहेश्वरी(IAS),अपर कलेक्टर कटनी के सर्विस रिकार्ड में द्वेषपूर्ण आचरण को अंकित करते हुए विभागीय जांच कराने का कराने की मांग की थी। पद्मेश गौतम की शिकायत पर केन्द्रीय कार्मिक मंत्रालय भारत सरकार के अवर सचिव ने कार्यवाही के निर्देश दिए हैं। जानकारी के अनुसार IAS उमा माहेश्वरी का कटनी जिले से भोपाल मंत्रालय स्थानांतरण कर दिया गया है।लेकिन उनके विरूद्ध विभागीय जांच भी हो सकती है।
IAS उमा माहेश्वरी के विरूद्ध कार्यवाही के निर्देश

