जम्मू-कश्मीर विधानसभा में ‘स्टेटहुड’ पर भारी हंगामा: उमर अब्दुल्ला ने पेश किया प्रस्ताव, 30 मिनट स्थगित रही कार्यवाही; बीजेपी पर साधा निशाना

जम्मू-कश्मीर विधानसभा में ‘स्टेटहुड’ पर भारी हंगामा: उमर अब्दुल्ला ने पेश किया प्रस्ताव, 30 मिनट स्थगित रही कार्यवाही; बीजेपी पर साधा निशाना
श्रीनगर, यश भारत डॉट कॉम। जम्मू-कश्मीर विधानसभा का सत्र शुक्रवार को भारी हंगामे और नारेबाजी का गवाह बना। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने केंद्र शासित प्रदेश को पूर्ण राज्य का दर्जा (Statehood) बहाल करने की मांग को लेकर विधानसभा के पटल पर एक प्रस्ताव पेश किया। प्रस्ताव पेश होते ही भारतीय जनता पार्टी (BJP) के विधायकों ने जोरदार विरोध और हंगामा शुरू कर दिया, जिसके कारण अध्यक्ष को सदन की कार्यवाही 30 मिनट के लिए स्थगित करनी पड़ी।
बीजेपी विधायक ही स्टेटहुड के रास्ते में रोड़ा: सीएम उमर अब्दुल्ला
सदन की कार्यवाही बाधित होने के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने बीजेपी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी राज्य का दर्जा बहाल करने के मामले में दोहरा रवैया अपना रही है।
उमर अब्दुल्ला का बयान: “बीजेपी के विधायक ही जम्मू-कश्मीर को दोबारा पूर्ण राज्य का दर्जा मिलने के रास्ते में सबसे बड़ा रोड़ा बन रहे हैं। अगर बीजेपी वाकई जम्मू-कश्मीर की जनता की खैरख्वाह होती, तो विधानसभा में पहले से पास हुए पुराने प्रस्तावों को बहाना बनाकर इस नए प्रस्ताव का विरोध नहीं करती।”
पुराने प्रस्तावों को बहाना बना रही बीजेपी
उमर अब्दुल्ला ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्पष्ट किया कि उनकी सरकार केंद्र से जम्मू-कश्मीर का अधिकार और पूर्ण राज्य का दर्जा वापस मांगने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि बीजेपी राजनीतिक लाभ के लिए इस मुद्दे को भटकाने की कोशिश कर रही है और पुराने प्रस्तावों की आड़ लेकर जनता की वास्तविक मांग को दबाना चाहती है।
यश भारत डॉट कॉम राजनीतिक विश्लेषण: केंद्र शासित प्रदेश बनने के बाद से ही पूर्ण राज्य का दर्जा (Statehood) जम्मू-कश्मीर का सबसे संवेदनशील और प्रमुख राजनीतिक मुद्दा बना हुआ है। विधानसभा में इस प्रस्ताव पर हुआ जोरदार हंगामा आने वाले दिनों में केंद्र सरकार और उमर अब्दुल्ला सरकार के बीच नए राजनीतिक टकराव का संकेत दे रहा है।








