General Promotion : इंदौर । जनरल प्रमोशन की गाइडलाइन आने में देरी के चलते देवी अहिल्या विश्वविद्यालय को प्रवेश प्रक्रिया आगे बढ़ानी पड़ी है। अभी विश्वविद्यालय प्रशासन ने नॉन सीईटी का विज्ञापन जारी नहीं किया है। अधिकारियों के मुताबिक गाइडलाइन के आधार पर रिजल्ट बनाया जाएगा। उसके बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी। संभवत दस दिन बाद आवेदन बुलाएंगे। फिलहाल अगले सत्र में प्रवेश के लिए विद्यार्थियों को थोड़ा इंतजार करना होगा।
विश्वविद्यालय के 20 विभागों से संचालित 80 से ज्यादा कोर्स में दाखिले के लिए नॉन सीईटी करवाई जाएगी। बीते सप्ताह कुलपति डॉ. रेणु जैन ने विभागाध्यक्षों की बैठक बुलाई थी। इसमें अधिकांश विभागाध्यक्षों ने मेरिट आधार पर दाखिले को लेकर सहमति जताई और एक जुलाई से आवेदन बुलाने पर जोर दिया।
हालांकि जनरल प्रमोशन की गाइडलाइन नहीं आने से विश्वविद्यालय की प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने से पहले ही अटक गई। बताया जाता है कि कुछ और कोर्स नॉन सीईटी में जोड़े जा रहे हैं। इनमें तीन नए एमवॉक कोर्स शामिल हैं। मीडिया प्रभारी डॉ. चंदन गुप्ता का कहना है कि गाइडलाइन का इंतजार हो रहा है। इसके चलते एडमिशन सेल ने 12 जुलाई तक विज्ञापन निकालने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई है। उसके बाद विद्यार्थियों के आवेदन बुलाएंगे।
दो सत्र में लगेंगी कक्षाएं
विश्वविद्यालय के चुनिंदा कोर्स में प्रवेश को लेकर विद्यार्थी ज्यादा रुचि दिखाते हैं। इन कोर्स की सीटें 40 से 60 के बीच हैं। विद्यार्थियों की संख्या को देखते हुए कुछ विभागों ने दो सत्र में कक्षाएं संचालित करने की योजना बनाई है। इनमें कंप्यूटर साइंस, इलेक्ट्रॉनिक, फिजिक्स और फिजिकल एजुकेशन कोर्स शामिल हैं। कोरोना वायरस के चलते विश्वविद्यालय ने इस साल सीटें और फीस नहीं बढ़ाने का फैसला लिया है। विश्वविद्यालय के मुताबिक शारीरिक दूरी बनाए रखने के लिए सीटों में इजाफा नहीं किया है।

