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गंगा एक्सप्रेसवे: अब प्रयागराज से सीधे हरिद्वार तक दौड़ेगी गाड़ियां, यूपी कैबिनेट ने दी हरी झंडी

गंगा एक्सप्रेसवे: अब प्रयागराज से सीधे हरिद्वार तक दौड़ेगी गाड़ियां, यूपी कैबिनेट ने दी हरी झंडी

लखनऊ / प्रयागराज (Yashbharat.com)। उत्तर प्रदेश सरकार ने धार्मिक और आध्यात्मिक पर्यटन को नई रफ्तार देने के लिए एक ऐतिहासिक फैसला लिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई यूपी कैबिनेट की बैठक में गंगा एक्सप्रेसवे को मेरठ से आगे हरिद्वार (उत्तराखंड) तक विस्तार देने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई है। इस फैसले के बाद अब प्रयागराज से हरिद्वार के बीच एक शानदार एक्सप्रेसवे कॉरिडोर बनकर तैयार होगा।

724 किमी होगी कुल लंबाई, खर्च होंगे 10,761 करोड़

  • लंबाई में बढ़ोतरी: मेरठ से प्रयागराज तक बन रहे 594 किमी लंबे गंगा एक्सप्रेसवे में 130 किमी का नया हिस्सा और जुड़ेगा, जिसके बाद इसकी कुल लंबाई 724 किमी हो जाएगी।

  • दो राज्यों को जोड़ेगा: 130 किमी के नए विस्तार में 100 किमी हिस्सा उत्तर प्रदेश में और 30 किमी का क्षेत्र उत्तराखंड में पड़ेगा।

  • बजट व लागत: इस विस्तार प्रोजेक्ट पर कुल 10,761 करोड़ रुपये का अनुमानित खर्च आएगा, जिसे पूरी तरह राज्य सरकार खुद वहन करेगी (इसमें केंद्र सरकार का कोई वित्तीय अंश नहीं होगा)।

6-लेन का ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे, बिजनौर से होकर गुजरेगा

  • भविष्य की तैयारी: यह 6-लेन का ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे होगा, जिसे भविष्य में जरूरत पड़ने पर 8-लेन तक चौड़ा करने का प्रावधान रखा गया है।

  • रूट डिटेल: यह एक्सप्रेसवे मेरठ से बिजनौर होते हुए सीधे हरिद्वार से जुड़ेगा।

  • ट्रैफिक से राहत: वर्तमान में मेरठ-बिजनौर-हरिद्वार नेशनल हाईवे पर पड़ने वाले भारी ट्रैफिक दबाव से श्रद्धालुओं और वाहन चालकों को मुक्ति मिलेगी।

प्रयागराज-हरिद्वार कॉरिडोर से चमकेगा पर्यटन

उत्तर प्रदेश सरकार के अनुसार, देश की दो प्रमुख पवित्र नगरियों—प्रयागराज और हरिद्वार—के सीधे एक्सप्रेसवे नेटवर्क से जुड़ने पर धार्मिक व आध्यात्मिक पर्यटन को जबरदस्त बढ़ावा मिलेगा। श्रद्धालुओं और पर्यटकों का समय बचने के साथ सफर बेहद सुगम और सुरक्षित हो जाएगा। डीपीआर (DPR) तैयार होने के बाद जल्द ही इसका जमीनी कार्य शुरू किया जाएगा। गंगा एक्सप्रेसवे: अब प्रयागराज से सीधे हरिद्वार तक दौड़ेगी गाड़ियां, यूपी कैबिनेट ने दी हरी झंडी

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