Ebola Virus Alert: इबोला वायरस को लेकर भारत सरकार का बड़ा अलर्ट, इन 3 देशों से आने वाले यात्रियों के लिए एडवाइजरी जारी; जानें लक्षण। दुनिया के कुछ हिस्सों में इबोला वायरस (Ebola Virus) के बढ़ते मामलों ने एक बार फिर चिंता बढ़ा दी है। वैश्विक स्तर पर खतरे को भांपते हुए भारत सरकार के स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय (DGHS) ने एक हाई-अलर्ट गाइडलाइन जारी की है।
यह एडवाइजरी विशेष रूप से उन अंतरराष्ट्रीय यात्रियों के लिए है जो इबोला प्रभावित या उच्च जोखिम (High-Risk) वाले देशों से भारत आ रहे हैं या वहां से ट्रांजिट होकर पहुंचे हैं।इस खतरे से निपटने के लिए दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (IGI Airport) समेत देश के सभी प्रमुख एयरपोर्ट्स पर ‘एयरपोर्ट हेल्थ ऑर्गनाइजेशन’ (APHO) को मुस्तैद कर दिया गया है और यात्रियों की कड़ाई से स्क्रीनिंग के निर्देश दिए गए हैं।
WHO ने इन 3 देशों को घोषित किया ‘हाई-रिस्क जोन’
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की रिपोर्ट के आधार पर भारत सरकार ने तीन अफ्रीकी देशों को अत्यधिक संवेदनशील माना है। इन देशों से भारत आने वाले यात्रियों पर विशेष नजर रखी जा रही है:
- डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (DRC)
- युगांडा
- दक्षिण सूडान
शरीर में दिखें ये लक्षण, तो हो जाएं सावधान
स्वास्थ्य मंत्रालय ने एडवाइजरी में इबोला वायरस के प्रमुख लक्षणों को लेकर गाइडलाइन जारी की है। यदि किसी यात्री को नीचे दिए गए लक्षण महसूस होते हैं, तो उन्हें तुरंत मेडिकल हेल्प लेनी चाहिए:
- अचानक तेज बुखार आना, अत्यधिक कमजोरी और थकान होना।
- सिरदर्द, गले में खराश और मांसपेशियों में तेज दर्द।
- संक्रमण बढ़ने पर उल्टी होना, दस्त (डायरिया) और शरीर के अंदरूनी या बाहरी हिस्सों से रक्तस्राव (Bleeding) होना।
केंद्र सरकार की एडवाइजरी के मुख्य बिंदु (Guidelines for Passengers):
- 21 दिनों का सख्त मॉनिटरिंग पीरियड: प्रभावित देशों से लौटे यात्रियों को भारत आगमन के अगले 21 दिनों तक अपनी सेहत पर कड़ी नजर रखनी होगी। इबोला का इनक्यूबेशन पीरियड (Incubation Period) अधिकतम 21 दिन का होता है।
- तुरंत रिपोर्ट करने के निर्देश: यदि कोई यात्री विदेश में किसी संदिग्ध या पुष्टि हो चुके (Confirmed) इबोला मरीज के सीधे संपर्क में आया है, तो उसे एयरपोर्ट पर उतरते ही वहां तैनात ‘हवाई अड्डा स्वास्थ्य अधिकारियों’ को तुरंत इसकी स्व-घोषणा (Self-Declaration) करनी होगी।
- डॉक्टर को न छुपाएं ट्रैवल हिस्ट्री: भारत आने के 21 दिनों के भीतर यदि ऊपर बताए गए कोई भी लक्षण विकसित होते हैं, तो मरीज तुरंत नजदीकी डॉक्टर से संपर्क करे और अपनी पिछली अंतरराष्ट्रीय यात्रा (Travel History) के बारे में पूरी और स्पष्ट जानकारी दे।
सरकार ने सभी अंतरराष्ट्रीय यात्रियों से अपील की है कि वे वैश्विक स्वास्थ्य सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य नियमों (IHR) के कड़ाई से पालन के लिए हवाई अड्डों पर होने वाली थर्मल और मेडिकल जांच में स्वास्थ्य कर्मियों का पूरा सहयोग करें।

