छतरपुर: घटिया सड़क निर्माण और रिश्वत मांगने की शिकायत पर पंचायत सचिव सस्पेंड, जिला पंचायत सीईओ की बड़ी कार्रवाई
छतरपुर। मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले की जनपद पंचायत नौगांव अंतर्गत ग्राम पंचायत करारागंज में विकास कार्यों में लापरवाही और भ्रष्टाचार के मामलों पर कड़ा एक्शन लिया गया है। निर्माण कार्यों की खराब गुणवत्ता, अतिक्रमण हटाने में उदासीनता और खाद्यान्न पर्ची के नाम पर रिश्वत मांगने की शिकायतों के बाद पंचायत सचिव बाबूलाल अहिरवार को तत्काल प्रभाव से निलंबित (सस्पेंड) कर दिया गया है।
जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) नमः शिवाय अरजरिया ने मध्यप्रदेश पंचायत सेवा (अनुशासन तथा अपील) नियम, 1999 के नियम 4(1)(क) के तहत यह दंडात्मक कार्रवाई की है।छतरपुर: घटिया सड़क निर्माण और रिश्वत मांगने की शिकायत पर पंचायत सचिव सस्पेंड, जिला पंचायत सीईओ की बड़ी कार्रवाई
7 सीसी रोड निर्माण की गुणवत्ता पाई गई खराब
जनपद पंचायत सीईओ द्वारा 16 अक्टूबर 2026 को भेजे गए पत्र के आधार पर ग्राम पंचायत में कराई गई जांच में 7 सीसी रोड (Concrete Roads) निर्माण कार्यों की गुणवत्ता बेहद घटिया पाई गई। इसके अलावा सचिव पर नवीन पंचायत भवन के पास स्थित अवैध अतिक्रमण को हटाने में कोई रुचि न दिखाने का भी आरोप सिद्ध हुआ।
गौचर भूमि से अवैध खनन और रिश्वत की शिकायतें
जांच रिपोर्ट में सचिव के खिलाफ कई अन्य गंभीर मामले भी सामने आए:
-
अवैध उत्खनन में मिलीभगत: गौचर भूमि पर पीएनसी कंपनी द्वारा सड़क निर्माण के दौरान किए जा रहे अवैध मुरम उत्खनन के मामले में सचिव द्वारा कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की गई।
-
खाद्यान्न पर्ची के नाम पर घूसखोरी: 25 अगस्त को आयोजित जनसुनवाई में स्थानीय निवासी छुट्टन बेहना ने शिकायत दर्ज कराई थी कि सचिव बाबूलाल अहिरवार ने राशन/खाद्यान्न पर्ची जारी करने के एवज में 5,000 रुपये रिश्वत की मांग की थी।
इन्हीं गंभीर अनियमितताओं और कर्तव्यों के प्रति लापरवाही को देखते हुए जिला पंचायत सीईओ ने सचिव को सस्पेंड करने के आदेश जारी किए हैं। कार्रवाई के बाद से ही क्षेत्र के प्रशासनिक अमले में हड़कंप मचा हुआ है।

