भोपाल में CBI का एक्शन: सेंट्रल एक्साइज सुपरिटेंडेंट 2 लाख की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार; कबाड़ कारोबारी से मांग रहा था हर महीने हफ्ता
भोपाल, yashbharat.com। राजधानी भोपाल में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की टीम ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए केंद्रीय वस्तु एवं सेवा कर (CGST) और सेंट्रल एक्साइज कमिश्नरेट के एक वरिष्ठ अधिकारी को रंगे हाथों धर दबोचा है। प्रिवेंटिव ब्रांच (मुख्यालय) में पदस्थ सुपरिटेंडेंट राजेश कुमार गुप्ता को सीबीआई की टीम ने 2 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है।
शुरुआती जांच के अनुसार, आरोपी सुपरिटेंडेंट भोपाल के एक कबाड़ (Scrap) कारोबारी को कार्रवाई का खौफ दिखाकर उससे हर महीने 2 लाख रुपये की बंधी (हफ्ता वसूली) मांग रहा था।
कबाड़ कारोबारी की शिकायत पर सीबीआई ने बिछाया जाल
पूरा मामला भोपाल के एक स्क्रैप व्यापारी की शिकायत से जुड़ा हुआ है:
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हफ्ता वसूली का दबाव: सुपरिटेंडेंट राजेश कुमार गुप्ता द्वारा कारोबारी के खिलाफ टैक्स चोरी व विभागीय कार्रवाई न करने के एवज में प्रतिमाह 2 लाख रुपये रिश्वत की मांग की जा रही थी।
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शिकायत का सत्यापन: पीड़ित कारोबारी ने इसकी शिकायत सीबीआई की भोपाल इकाई से की। शिकायत का प्राथमिक सत्यापन सही पाए जाने के बाद सीबीआई की टीम ने जाल बिछाया।
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रंगे हाथों गिरफ्तारी: शनिवार को जैसे ही आरोपी सुपरिटेंडेंट राजेश कुमार गुप्ता ने कारोबारी से 2 लाख रुपये की पहली किश्त ली, घात लगाकर बैठी सीबीआई की टीम ने उसे मौके पर ही रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
दफ्तर से लेकर आवास तक छापेमारी, हड़कंप
गिरफ्तारी के बाद सीबीआई की टीम ने आरोपी सुपरिटेंडेंट के कार्यालय के साथ-साथ उनके आवासीय परिसरों पर भी ताबड़तोड़ छापेमारी की।
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दस्तावेज खंगाल रही टीम: सीबीआई की टीम सुपरिटेंडेंट के पास से मिले संपत्ति से जुड़े दस्तावेजों, बैंक खातों और बेनामी संपत्तियों की गहनता से जांच कर रही है।
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विभाग में हड़कंप: शनिवार को हुई इस अचानक सीबीआई रेड से सीजीएसटी और सेंट्रल एक्साइज कमिश्नरेट के अन्य अफसरों और कर्मचारियों के बीच भारी हड़कंप मच गया है।

