UP के बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत: अब प्रीपेड नहीं, पोस्टपेड की तरह आएगा स्मार्ट मीटर का बिल; 15 मई से लगेंगे विशेष समाधान कैंप। उत्तर प्रदेश सरकार ने स्मार्ट प्रीपेड मीटर को लेकर लगातार आ रही शिकायतों और उपभोक्ताओं की नाराजगी को देखते हुए एक ऐतिहासिक फैसला लिया है। प्रदेश में अब स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं को प्रीपेड की झंझट से मुक्ति मिलेगी और उन्हें पहले की तरह पोस्टपेड व्यवस्था के तहत बिजली बिल जारी किया जाएगा।
UP के बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत: अब प्रीपेड नहीं, पोस्टपेड की तरह आएगा स्मार्ट मीटर का बिल; 15 मई से लगेंगे विशेष समाधान कैंप
15 मई से 30 जून तक लगेंगे विशेष कैंप
ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने इस बदलाव के साथ ही उपभोक्ताओं की समस्याओं के समाधान के लिए एक व्यापक अभियान की घोषणा की है। प्रदेशभर में 15 मई से 30 जून तक विशेष कैंप लगाए जाएंगे।
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कहाँ लगेंगे कैंप: सभी अधिशासी अभियंता (EE) और उपखंड अधिकारी (SDO) कार्यालयों पर सहायता केंद्र और शिकायत निस्तारण कैंप संचालित होंगे।
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हेल्पलाइन सुविधा: उपभोक्ताओं की सहूलियत के लिए 1912 हेल्पलाइन पर भी विशेष तकनीकी व्यवस्था की जा रही है, जिससे कॉल करते ही समस्या का समाधान मिल सके।
क्यों लिया गया यह फैसला?
स्मार्ट प्रीपेड मीटर में बैलेंस खत्म होने पर अचानक बिजली कटने और बिलिंग में गड़बड़ी की हजारों शिकायतें सरकार तक पहुँच रही थीं। ऊर्जा विभाग ने माना कि उपभोक्ताओं को इस नई व्यवस्था के साथ तालमेल बिठाने में दिक्कत आ रही थी। अब पोस्टपेड व्यवस्था बहाल होने से उपभोक्ता पहले बिजली इस्तेमाल करेंगे और फिर बिल का भुगतान करेंगे, जिससे अचानक अंधेरा होने का डर खत्म हो जाएगा।
अधिकारियों की जवाबदेही तय
ऊर्जा मंत्री ने साफ किया है कि कैंप के दौरान आने वाली हर शिकायत का त्वरित निस्तारण करना अनिवार्य होगा। अगर किसी उपभोक्ता को गलत बिल या मीटर की तकनीकी खराबी की शिकायत है, तो अधिकारी मौके पर ही उसका समाधान सुनिश्चित करेंगे।

