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Bharat Ratna: दो पूर्व प्रधानमंत्रियों और डॉ. स्वामीनाथन को ‘भारत रत्न’ से सम्मानित किया जाएगा, जाने कौन है ?

Bharat Ratna: दो पूर्व प्रधानमंत्रियों और डॉ. स्वामीनाथन को ‘भारत रत्न’ से सम्मानित किया जाएगा, जाने कौन है ?

Bharat Ratna: मोदी सरकार द्वारा भाजपा नेता लालकृष्ण आडवाणी के पश्चात अब पूर्व सीएम नरसिम्हा राव पूर्व पीएम चौधरी चरण सिंह और वैज्ञानिक एमएस स्वामीनाथन को भारत रत्न देने की घोषणा करी है इसके पश्चात माननीय श्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा स्वयं सोशल मीडिया पर यह जानकारी प्रस्तुत करी।

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एक ही साल में 5 लोगों को भारत रत्न

नियम के अनुसार 1 साल में अधिकतम तीन लोगों को ही भारत रत्न से सम्मानित किया जा सकता है लेकिन 2024 में भारत रत्न के लिए पांच लोगों के नाम की घोषणा करी गई है हो सकता है सरकार द्वारा इसके नियमों में कुछ बदलाव किए गए हैं अथवा फिर इन पांच हस्तियों को 2024 में पहले के किसी वर्ष में सम्मानित करने का फैसला किया गया हो फिलहाल यह स्पष्ट कारण नहीं हुआ है इससे पहले 1999 में अटल बिहारी जी के कार्यालय में एक वर्ष में सबसे ज्यादा 4 भारत रत्न पुरस्कार दिए गए।

चौधरी चरण सिंह

चौधरी चरण सिंह: किसानों की बुलंद आवाज

भारत के किस राजनेता एवं पांचवें प्रधानमंत्री चौधरी चरण जी ने अपनी भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी उन्होंने अपनी राजनीति में अमित छाप छोड़ी इसी के साथ भारत के उच्च न्यायालय के चीफ जस्टिस के रूप में भी पद नियुक्त किए गए थे और वही उत्तर प्रदेश में उनके बदौलत जमींदारी प्रथा का उन्मूलन हुआ और गरीबों को अपना-अपना अधिकार मिला।

पी वी नरसिम्हा राव

PV Narasimha Rao Bharat Ratna know about Former PM personal life political  career- PV Narsimha Rao Bharat Ratna: पूर्व पीएम पी वी नरसिम्हा राव को  मरणोपरांत भारत रत्न, जानिए 'भारत में आर्थिक

भारत के 9 प्रधानमंत्री जी के रूप में हम पीवी नरसिम्हा राव जी को जानते हैं इसी के साथ लाइसेंस राज की समाप्ति और भारतीय अर्थनीति में सबसे महत्वपूर्ण इनका योगदान रहा और उन्होंने देश के आर्थिक भर से भी बाहर निकाला ।

 

मनकोम्बु संबासिवन स्वामिनाथन

मोनकोम्बु संबासिवन स्वामीनाथन - वोल्वो पर्यावरण पुरस्कार

यह भारत के एक महान अनुवांशिक प्रख्यात वैज्ञानिक में से एक थे इन्होंने हरित क्रांति की शुरुआत करी थी इसी के साथ इन्होंने गेहूं के बीजों को मिलाकर एक उच्च उत्पादक वाले संकरण बीच को विकसित किया था जिसे हम किसानों का लाभ हो सके इसी के साथ मिक्सी को की उच्च उत्पादकता वाले बीच को मिलाकर यह शंकर बीज विकसित किए गए ।

 


 

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