नई दिल्ली:सावधान! पुराने नोट और सिक्के खरीदने वाली PM मोदी की वीडियो ‘फर्जी’ है, PIB ने जारी किया अलर्ट। अगर आपके पास भी पुराने नोट या सिक्के हैं और आप उन्हें बैंक को बेचकर रातों-रात अमीर बनने का सपना देख रहे हैं, तो रुक जाइए! सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम से वायरल हो रहे वीडियो पूरी तरह फर्जी और भ्रामक हैं। सरकारी एजेंसी PIB Fact Check ने स्पष्ट किया है कि सरकार ऐसी कोई योजना नहीं चला रही है।
सावधान! पुराने नोट और सिक्के खरीदने वाली PM मोदी की वीडियो ‘फर्जी’ है, PIB ने जारी किया अलर्ट
क्या है वायरल दावा?
- वायरल वीडियो में दावा किया जा रहा है कि:
- बैंक अब पुराने, दुर्लभ और एंटीक नोट व सिक्के खरीद रहे हैं।
- बैंक कर्मचारी घर-घर जाकर ऐसे सिक्के और नोट इकट्ठा करेंगे।
- इसके बदले लोगों को मोटी रकम दी जाएगी।
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डीपफेक (AI) का कमाल, ठगी का नया जाल
- PIB ने जांच में पाया कि ये वीडियो AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) और Deepfake तकनीक के जरिए बनाए गए हैं। प्रधानमंत्री की आवाज और वीडियो को इस तरह एडिट किया गया है कि वे बिल्कुल असली लगते हैं। इसका एकमात्र मकसद मासूम लोगों को लालच देकर उनसे पैसे ऐंठना या उनकी निजी जानकारी चुराना है।
- खुद को ठगी से कैसे बचाएं?
- सरकार ने नागरिकों के लिए कुछ महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं:
- भरोसा न करें: किसी भी ऐसे वीडियो या मैसेज पर आंख मूंदकर भरोसा न करें जो ‘असामान्य’ लाभ का वादा करता हो।
- सत्यापन करें: किसी भी सरकारी योजना की सही जानकारी के लिए हमेशा आधिकारिक वेबसाइट्स या MyScheme पोर्टल का उपयोग करें।
- शेयर न करें: बिना जांचे-परखे ऐसे भ्रामक मैसेज या संदिग्ध लिंक्स को फॉरवर्ड न करें।
- निजी जानकारी: कभी भी अनजान कॉल या लिंक पर अपना बैंक विवरण या कोई भी संवेदनशील जानकारी साझा न करें।
- विशेषज्ञों की राय
- साइबर विशेषज्ञों का कहना है कि डिजिटल युग में सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है। ठग अक्सर प्रधानमंत्री जैसी विश्वसनीय हस्तियों का चेहरा इस्तेमाल करते हैं ताकि लोग आसानी से जाल में फंस जाएं। सरकार पुराने सिक्के नहीं खरीद रही है। यदि आपको ऐसा कोई वीडियो दिखे, तो समझ जाएं कि यह आपको लूटने की एक साजिश है। सतर्क रहें, सुरक्षित रहें!

