नामर्द शब्द नहीं सहन कर पाया कब्बड्डी कोच मिट्टी का तेल डालकर लगा ली आग

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जबलपुर। खमरिया थाना क्षेत्रातंर्गत ग्राम बर्धाघाट पर एक कबड्डी कोच को नामर्द आदि जैसे शब्द इतने नागवार गुजरे कि उसने खुद के ऊपर मिट्टी का तेल डालकर आग लगा ली, जिसकी अस्पताल में उपचार दौरान मौत हो गई। पुलिस ने मामले में प्रकरण दर्ज करते हुए मामले को विवेचना में लिया है।

पुलिस ने बताया कि बजे अशोक रजक उम्र 35 वर्ष निवासी ग्राम वर्धाघाट ने सूचना दी कि उसके पिताजी बालाराम रजक का विगत 25 मार्च की सुबह लगभग 8.30 बजे पड़ौस में रहने वाली ममता पटैल, विनीता पटैल, लखन पटैल से घर के पास रास्ते में पड़ी गिट्टी हटाने की बात को लेकर वाद विवाद हुआ था। जिसमें तीनेां ने उसके पिताजी को नामर्द कहकर मारपीट किये थे, जिससे उसके पिताजी अपने आपकेा अधिक अपमानित महसुस कर व्यथित होकर स्वयं के ऊपर मिट्टी का तेल डालकर स्वयं आग लगा लिये थे।

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जिन्हें उपचार हेतु मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था। दौरान उपचार के 29 मार्च की शाम लगभग 7-30 बजे पिताजी बालाराम रजक उम्र 55 वर्ष निवासी वर्धाघाट की मृत्यु हो गयी है। सूचना पर पंचनामा कार्यवाही कर शव को पीएम हेतु भिजवाते हुये मर्ग कायम कर जांच में लिया गया।

कबड्डी कोच था मृतक-
वहीं बताया जा रहा है कि मृतक बालाराम रजक कबड्डी कोच था। हालही में उसके अंडर में युवतियों की कबड्डी टीम पनागर में जीत दर्ज कराकर आई थी। इतना ही नहीं मृतक का आसपास के क्षेत्र में काफी मान सम्मान था। जिससे वह उक्त अपमानित शब्दों को सहन नहीं कर सका और अपनी इह लीला समाप्त कर ली।

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