शहरों के भीतर बने टोल ‘गलत और अन्यायपूर्ण’, एक साल के अंदर हटाए जाएंगे: नितिन गडकरी

Advertisements

केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने गुरुवार को कहा कि पिछली सरकारों के दौरान कई स्थानों पर शहरी इलाकों के भीतर टोल बनाए गए जो ‘गलत और अन्यायपूर्ण’ है और इन्हें हटाने का कार्य एक साल में पूरा हो जाएगा।
लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान सदन के सदस्यों गुरजीत औजला, दीपक बैज और कुंवर दानिश अली ने पूरक प्रश्नों के उत्तर में यह जानकारी दी ।

उन्होंने कहा कि शहरों के भीतर टोल पहले बनाए गए। यह गलत है और अन्यायपूर्ण है। एक साल में भी ये टोल खत्म हो जाएगा। इस तरह के टोल में चोरियां बहुत होती थीं।
उन्होंने कहा कि अब गाड़ियों में जीपीएस सिस्टम लगाया जाएगा जिसकी मदद से टोल शुल्क का भुगतान हो सकेगा और इसके बाद शहर के अंदर इस तरह के टोल की जरूरत नहीं होगी।

इसे भी पढ़ें-  कटनी कोरोना अपडेट : फिर बढ़ी कोरोना संक्रमण की रफ्तार, 24 घंटे में 157 नए केस

गडकरी ने कहा, “इस तरह के टोल को शहरों के अंदर से हटाने का काम एक साल में पूरा हो जाएगा।”
एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, “90 फीसदी जमीन अधिग्रहण किए बिना हम परियोजना अवार्ड नहीं करते। जमीन का अधिग्रहण करने के बाद विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार की जाती है।”

गडकरी ने दीपक बैज के पूरक प्रश्न के उत्तर में बताया कि रायपुर से विशाखापट्नम के बीच ग्रीन हाईवे को मंजूरी दी गई है। काम शुरू हो चुका है। करीब डेढ़ साल में काम पूरा होने की संभावना है। इससे कई राज्यों के लोगों को फायदा होगा।

इसे भी पढ़ें-  कटनी कोरोना अपडेट: 526 सेम्पल की रिपोर्ट में 81 नए पॉजिटिव केस

 

Advertisements