अब तक क्यों नहीं की गई ठेकेदार पर कार्रवाई- CT स्कैन मामले में HC की सरकार को फटकार

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कटनी/जबलपुर। जिला अस्पताल कटनी सहित प्रदेश के 9 जिला चिकित्सालयों में स्वीकृत सीटी स्केन मशीन की स्थापना में बरती जा रही हीलाहवाली को लेकर हाईकोर्ट ने आज प्रदेश सरकार को जमकर फटकार लगाई है।

संबंधित ठेकेदार पर निर्धारित समय सीमा अवधि से करीब 15 माह अधिक बीतने के बावजूद कोई अनुशासनात्मक कार्रवाई न किए जाने पर हाईकोर्ट ने प्रदेश शासन की मंशा पर भी सवालिया निशान लगाते हुए शासन से सीधे सवाल किया कि जगह उपलब्ध कराए जाने के बाद भी अब तक मशीन न लगाए जाने के पीछे क्या कारण है? और कब तक सीटी स्केन मशीन इन जिलों में लगेगी ये भी स्पष्ट किया जाए?

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उल्लेखनीय है कि एनएसयूआई के राष्ट्रीय समन्वयक दिव्यांशु अंशु मिश्रा द्वारा कोरोना काल में सीटी स्केन की उपयोगिता की गंभीरता व कटनी सहित प्रदेश के 9 जिलों के सरकारी अस्पतालों में ठेका होने के बाद भी मशीन लगाये जाने पर बरती जा रही हीलाहवाली को लेकर एक जनहित याचिका हाईकोर्ट में दायर की गई थी। जिस पर 3 नवंबर को सुनवाई दौरान हाईकोर्ट ने प्रदेश शासन को 24 नवंबर तक स्टेटस रिपोर्ट प्रस्तुत करने कहा था।

आज सुनवाई दौरान हाईकोर्ट ने ठेका दिए जाने के करीब 2 साल बीतने के बाद भी मशीनों की स्थापना न होने पर प्रदेश शासन को आड़े हाथों लिया व करीब 15 मिनट तक जमकर फटकार लगाते हुए कहा कि जगह उपलब्ध कराए जाने के बाद भी संबंधित ठेकेदार द्वारा करीब सवा साल से अधिक का समय बीतने पर भी प्रदेश शासन द्वारा ठेकेदार के विरुद्ध दंडात्मक कार्यवाही क्यों नहीं की गई? तथा शासन ये स्पष्ट जबाब दे कि कटनी सहित इन जिलों में कब तक मशीन लगायी जाएगी।

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अगली सुनवाई 8 दिसंबर 2020 को निर्धारित करते हुए शासन को तब तक इस मामले में एक्शन लेने का समय दिया है। याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता योगेश सोनी ने पैरवी की। हाईकोर्ट के ऐक्टिंग चीफ जस्टिस संजय यादव व जस्टिस विजय कुमार शुक्ला की डिविजन बेंच ने मामले की सुनवाई की।

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