जबलपुर की प्रसिद्ध पड़ाव की महाकाली प्रतिमा का विसर्जन, पुलिस ने संभाला मोर्चा, इस तरह ग्वारीघाट पहुंची प्रतिमा

  • विसर्जन आज शुक्रवार सुबह ग्वारीघाट में किया गया।
  • जबलपुर में पुलिसकर्मियों ने चलाया ट्रक, महाकाली को पहुंचाया विसर्जन घाट तक
  • घमापुर कांच घर की महाकाली का विसर्जन 6:35 पर और कछपुरा की महाकाली का विसर्जन 8:05 पर किया गया

आशीष शुक्ला
जबलपुर, जबलपुर की महारानी के नाम से प्रसिद्ध पड़ाव की महाकाली की प्रतिमा का विसर्जन शुक्रवार सुबह ग्वारीघाट में किया गया। इसके अलावा दो-दो घंटे के अंदर कछपुरा कि मां काली और घमापुर की महाकाली की प्रतिमा का विसर्जन किया गया।

पुलिस के ड्राइवरों ने चलाया ट्रक

तीन महाकाली की प्रतिमाओं को एक के बाद एक विसर्जन के लिए ले जाने के लिए पुलिस ने पूरी योजना तैयार की थी। ताकि महाकाली की प्रतिमा कुछ अंतर पर चलती रहें और तीनों के जुलुस में इतना अंतर हो की तीनों का विसर्जन दो दो घंटे के बाद हो। इसे देखते हुए पुलिस के ड्राइवरों ने ही ट्रक चलाया।

रात 1:00 बजे रवाना महाकाली, 4:15 बजे विसर्जन 

ऐसा पहली बार हुआ है कि पड़ाव की महाकाली का विसर्जन 4 घंटे में ही करा दिया गया। पुलिस के ड्राइवर ट्रक चला रहे थे जिसमें महाकाली और समिति के सदस्य सवार थे। ट्रक जो एक बार चला उसके बाद उसमें ब्रेक नहीं लगाया गया। रस्सियों की पूरी व्यवस्था क्राइम ब्रांच के हाथ में थी क्राइम ब्रांच की टीम ने रस्सियों से ट्रक को घेर रखा था और दर्शन करने वालों को बहुत दूर से ही दर्शन करने के निर्देश दिए थे यदि किसी के पास आने की कोशिश की पुलिस ने उसको खदेड़ दिया। ट्रक 1:00 बजे पड़ाव से महाकाली को लेकर रवाना हुआ और 4:15 बजे विसर्जन कर दिया गया इसके अलावा घमापुर कांच घर की महाकाली का विसर्जन 6:35 पर और कछपुरा की महाकाली का विसर्जन 8:05 पर किया गया।

चारों तरफ लगे थे बैरिकेड्स
एडिशनल एसपी शहर अमित कुमार ने सीएसपी और थाना प्रभारी कोई स्पष्ट समझा दिया गया था की पड़ाव की महाकाली जिन रास्तों से निकलें उन मार्गों पर बैरिकेड्स लगा दिया जाए। सड़क की दूसरी ओर खड़े होकर लोग दूर से ही मां के दर्शन करें। ट्रक के ठीक आगे यातायात की क्रेन चल रही थी, जिसमें यातायात कर्मी माइक से सभी को दूर से दर्शन करके घर जाने को कह रहा थे।