जबलपुर जिले में कहां कितनी वैक्सीन की जरूरत, स्वास्थ्य कर्मचारियों जुटा रहे ब्यौरा

Jabalpur Coronavirus News। कोरोना की वैक्सीन के आने की उम्मीद में समूचे जिले में कार्यरत हेल्थ वर्कर का डेटा तैयार कराया जा रहा है। इस कार्रवाई में जुटे स्वास्थ्य विभाग के पास अब तक चिकित्सकों व कर्मचारियों की सबसे बड़ी सूची स्वयं अपने विभाग व नेताजी सुभाष चंद्र बोस मेडिकल कॉलेज अस्पताल से पहुंची है। हालांकि निजी हेल्थ वर्कर की संख्या भी हजारों में बताई जा रही है। डेटाबेस में एमबीबीएस डॉक्टर, आयुष चिकित्सक, नर्सिंग स्टाफ, लैब टेक्नीशियन, फार्मासिस्ट, एएनएम यानि सहायक नर्स मिडवाइफ समेत सरकारी व निजी अस्पतालों व औषधालयों में कार्यरत स्वास्थ्य अमले की 13 श्रेणियों को शामिल किया गया है। कुल मिलाकर कोरोना मरीजों के परामर्श, जांच व उपचार प्रक्रिया से जुड़े समस्त स्वास्थ्य अमले को पहले चरण में कोरोना का टीका लगाने की कवायद की जा रही है।

निजी अस्पतालों को भी निशुल्क मिलेगा टीका

 

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि निजी क्षेत्र के चिकित्सकों व कर्मचारियों को भी कोरोना का टीका निशुल्क दिया जाएगा। जिलेभर में संचालित मेडिकल कॉलेज अस्पताल, सरकारी व निजी औषधालय व अस्पताल, पैथालॉजी लैब, सिविल अस्पताल आदि में पदस्थ हेल्थ अमले को सूचीबद्ध करने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। अधिकारियों का कहना है कि चिकित्सक व हेल्थ वर्कर फ्रंटलाइन कार्यबल का हिस्सा हैं, इसलिए उन्हें पहले टीका लगाया जाना आवश्यक है।

इधर, घटा कोरोना का खतरा

एक तरफ कोविड-19 के टीके का इंतजार बढ़ता जा रहा है वहीं दूसरी ओर कोरोना का वायरस लगातार एक माह से कमजोर हालत में पहुंच गया है। हालात यह हैं कि कोरोना के नए मरीजों की तुलना ज्यादा मरीज अस्पतालों से डिस्चार्ज हो रहे हैं, जिसके चलते इसकी रिकवरी दर बढ़कर 92.68 फीसद पहुंच गई है। जिले में अब तक कोरोना से संक्रमित 12 हजार 670 सामने आ चुके हैं जिसमें 11 हजार 743 स्वस्थ्य होकर घर लौट चुके हैं। एक्टिव केस 726 शेष बचे हैं। 201 मरीजों की मौत हो चुकी है।