Kangana Ranaut ने महाराष्ट्र सीएम उद्धव ठाकरे पर किया पलटवार, राउत हरामखोर कहा और उद्धव ने मुझे कहा नमक-हराम

नई दिल्ली। कंगना रनोट ने महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे पर ज़ोरदार पलटवार किया है। कंगना उद्धव ठाकरे को नेपोटिज़्म का सबसे घटिया उत्पाद तक कह दिया। उद्धव ने रविवार शिव सेना की दशहरा रैली में कंगना का नाम लिये उन पर निशाना साधा था। सुशांत सिंह राजपूत डेथ और बॉलीवुड ड्रग्स केस के ज़रिए कंगना महाराष्ट्र सरकार और मुंबई पुलिस पर तीख़े हमले बोलती रही हैं।

कंगना ने सोमवार को लगातार कई ट्वीट करके उद्धव ठाकरे पर अपना गुस्सा निकाला। कंगना ने एक ट्वीट को रीट्वीट करके लिखा- ”राउत ने मुझे हरामखोर कहा था, अब उद्धव ने मुझे नमक-हराम कहा है। वो दावा कर रहे हैं कि मुझे मेरे राज्य में खाना नहीं मिलता, अगर मुंबई मुझे शरण नहीं देती। आपको शर्म आनी चाहिए, मैं आपके बेटे की उम्र की हूं। अपने दम पर बनी महिला के बारे में आप ऐसे बोलते हैं। मुख्यमंत्री आप नेपोटिज़्म का सबसे ख़राब प्रोडक्ट हैं।”

एक्ट्रेस ने लिखा- मुख्यमंत्री, मैं आपकी तरह अपने पिता की ताक़त और सम्पदा के नशे में नहीं हूं। अगर मैं नेपोटिज़्म का प्रोडक्ट बनना चाहती तो हिमाचल में ही रहती। मैं एक जाने-माने परिवार से आती हूं। मैं उनकी संपत्ति और सहारे पर ज़िंदा नहीं रहना चाहती थी। कुछ लोगो में आत्म-सम्मान होता है और अपनी कीमत पता होती है।

इससे पहले कंगना ने लिखा था- मुख्यमंत्री आप बहुत छोटे इंसान हो। हिमाचल को देव भूमि कहा जाता है। यहां सबसे अधिक मंदिर हैं। अपराध की दर शून्य है (यहां कंगना ने टाइपो इरर करते हुए No Zero Crime Rate लिखा है, जिसे आगे के ट्वीट में सुधारा है)। जी हां, यह बहुत उपजाऊ है भूमि है। यहां सेब, कीवी, अनार, स्ट्रॉबरी और कुछ भी उगाया जाता है।

कंगना ने इसे जारी रखते हुए लिखा- एक नेता के तौर पर आप एक ऐसे राज्य के बारे में बदले की भावना से भरे, संकरी सोच और ख़राब जानकारी वाले विचार रखते हैं, जो भगवान शंकर और पार्वती समेत मार्कंडेय, मनु ऋषि और वनवास में पांडवों की भूमि रही हैं। आपको ख़ुद को मुख्यमंत्री कहते हुए शर्म आनी चाहिए। लोक सेवक होते हुए आप छोटी-छोटी लड़ाइयों में उलझे हैं। ताक़त का इस्तेमाल ऐसे लोगों को अपमानित करने, नुक़सान पहुंचाने और आतंकित करने के लिए कर रहे हैं, जो आपसे इत्तेफ़ाक़ नहीं रखते। आप इस कुर्सी के लायक नहीं हैं, जिसे गंदी राजनीति से हासिल किया है। शर्मनाक।

कंगना ने आगे लिखा कि मैं एक मुख्यमंत्री द्वारा तंग करने से इतने भावातिरेक में हूं कि पहले ट्वीट में टाइपो इरर कर दी। यह, हिमाचल में कोई अपराध नहीं, होना चाहिए। आगे साफ़ करते हुए, हिमाचल प्रदेश में ग़रीब और बहुत अमीर लोग नहीं हैं। अपराध भी नहीं है। यह दयालु और मासूम लोगों वाली आध्यात्मिक जगह है।

कंगना ने मुंबई को अपना घर बताते हुए लिखा- हिमालयों की ख़ूबसूरती जिस तरह हर भारतीय के लिए है, उसी तरह मुंबई जो अवसर देता है, वो हम सबके लिए हैं। दोनों मेरे घर हैं। उद्धव ठाकरे, हमारे प्रजातांत्रिक अधिकारों को छीनने और बांटने की कोशिश ना करें। आपके घटिया भाषण आपकी अकर्मण्यता का बेहूदा प्रदर्शन हैं।

कंगना ने उद्धव ठाकरे को महाराष्ट्र का ठेकेदार कहते हुए लिखा कि वो भारत को बांट रहे हैं। वो सिर्फ़ एक लोक सेवक हैं। कल उनकी जगह कोई और था। जल्द ही कोई और आ जाएगा। वो ऐसे क्यों व्यवहार कर रहे हैं, जैसे महाराष्ट्र उनकी जागीर है।

कगंना ऊपर लिखी गयी बातों को फिर एक वीडियो के ज़रिए भी अपने ट्विटर एकाउंट से शेयर किया। इसके साथ उन्होंने लिखा- महाराष्ट्र सरकार को संदेश। वीडियो में कंगना उद्धव ठाकरे को उनके नाम से तो संबोधित कर रही हैं, लेकिन पिछले वीडियो के मुक़ाबले उनकी भाषा मर्यादित और संतुलित है।

उद्धव ने क्या कहा था- रविवार को शिव सेना की दशहरा रैली हुई थी, जिसमें उद्धव ने कहा था- ”आज मैं मुख्यमंत्री पद का मास्क हटाकर बोल रहा हूं। पिछले करीब तीन माह से चल रहे सुशांत सिंह राजपूत प्रकरण का भी उन्होंने अपने भाषण में जिक्र किया।

 

उन्होंने कहा कि जो लोग बिहार के बेटे के लिए गला फाड़ रहे थे, वही महाराष्ट्र के बेटे पर कीचड़ उछाल रहे थे। आदित्य ठाकरे और ठाकरे परिवार पर जमकर कीचड़ उछाला गया। ये भयंकर है। उद्धव के अनुसार, यह दिखाने की कोशिश की जा रही है कि मुंबई पर नशेड़ियों का राज है। महाराष्ट्र आगे बढ़ रहा है, इसलिए उसकी बदनामी की जा रही है। उद्धव ने बिना नाम लिए कंगना रनोट पर भी निशाना साधा। कहा कि घर में खाने को नहीं मिलता, तो मुंबई आते हैं, और यहां आकर नमकहरामी करते हैं।”