Corona Vaccine Updatesकोरोना वैक्सीन पर जल्द मिलेगी बड़ी खुशखबरी, भारत सरकार ने शुरू किया बांटने की तैयारी पर काम

Corona Vaccine Updates भारत में कोरोना वैक्सीन पर तेजी से हो रहा का बड़ी आबादी तक वैक्सीन पहुंचाने की सरकार ने तैयारी शुरू की है। केंद्र सरकार ने राज्यों से वैक्सीन बांटने के प्लान की  जानकारी मांगी गई हैै।

नई दिल्ली : कोरोना वायरस महामारी से जूझ रही दुनिया के सामने अब जल्द से जल्द वैक्सीन तैयार की जिम्मेदारी है। वैज्ञानिक दिन-रात एक करके वैक्सीन पर रिसर्च कर रहे हैं। भारत में भी कई कंपनियां कोविड-19 वैक्सीन के ह्यूमन ट्रायल पर पहुंच गई हैं।

ऐसे में सरकार के सामने अभी से ही इस बात की चुनौती है कि इतनी बड़ी आबादी तक वह वैक्सीन कैसे पहुंचाएंगे। इस बात पर भारत सहित पूरी दुनिया में तैयारी अभी से ही शुरू कर दी गई है। 

दुनिया के सबसे गरीब लोगों के पास कोविड-19 का टीका पहुंचाने के लिए शुरू की गयी महत्वकांक्षी परियोजना ‘कोवैक्स’ को धन, मालवाहक विमान, टीके और उन्हें फ्रिज में रखने की सुविधा की कमी का सामना करना पड़ रहा है। इसमें सबसे बड़ी बाधा अमीर देशों का कोरोना वायरस के संभावित टीकों की 2021 की खेप के एक बड़े हिस्से के लिए दवा कंपनियों के साथ समझौता कर लेना है। चीन, फ्रांस, जर्मनी, रूस और अमेरिका जैसे देशों ने कोवैक्स में शामिल होने की इच्छा नहीं दिखायी है।

भारत ने शुरू की तैयारी

केंद्र सरकार ने राज्यों से कोरोना वैक्सीन के स्टोरेज को लेकर पर्याप्त क्षमता तैयार करने और उसके बांटने के प्लान पर उनकी राय मांगी है। जैसे ही वैक्सीन बाजार में आए उसे देश के दूर-दराज के लोगों तक भी तुरंत पहुंचाने की व्यवस्था हो। केंद्र ने राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से वैक्सीन के भंडारण और उसके रखरखाव की तैयारी करने को कहा है।

स्वास्थ्य मंत्रालय ने लिखा पत्र

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को पत्र लिखकर कहा है, ‘कोविड-19 महामारी को रोकने के लिए इसके खिलाफ प्रभावशाली प्रतिरक्षा (Immunisation) जरूरी है और इसके लिए वैक्सीन की भंडारण और रखरखाव की क्षमता भी उतनी ही जरूरी है।’

कोविड-19 से सबसे ज्यादा प्रभावित महिलाएं और बच्चे

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने कहा कि देश की स्वास्थ्य प्रणाली पर मौजूदा कोविड-19 महामारी के कारण पड़ रहे भारी दबाव के बावजूद प्रयास किए जा रहे हैं कि ”महिलाओं, बच्चों और किशारों” को स्वास्थ्य सेवाएं मुहैया कराई जाएं”। मेटरनल, न्यूबॉर्न ऐंड चाइल्ड हेल्थ (पीएमएनसीएच) के एक कार्यक्रम को वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए संबोधित करते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने कहा, ”कोविड-19 का सर्वाधिक प्रभाव महिलाओं, बच्चों और किशोरों को झेलना पड़ा है और इसके लिए तुरंत कदम उठाने की जरूरत है।”

उन्होंने कहा, ”हम सतत संवाद कर रहे हैं ताकि यह सुनिश्चित कर सकें कि कोविड-19 महामारी के कारण स्वास्थ्य प्रणाली पर पड़े भारी दबाव के बावजूद महिलाओं, बच्चों और किशोरों को स्वास्थ्य सेवाएं निरंतर मिलती रहें।” कार्यक्रम ‘अकाउंटेबिलिटी ब्रेकफास्ट 2020’ का आयोजन 29 सितंबर को हुआ था। इसमें दुनियाभर के 1,600 से अधिक प्रतिनिधि शामिल हुए। व्हाइट रिबन अलायंस और एवरी वुमन एवरी चाइल्ड इस कार्यक्रम के सह आयोजक थे।