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पंजाब में निकाय चुनाव में कांग्रेस का परचम, तीनों नगर निगमों पर कब्जा

 चंडीगढ़। कांग्रेस ने 10 साल बाद जालंधर, अमृतसर और पटियाला नगर निगमों को अकाली दल- भाजपा गठबंधन से छीनते हुए फिर अपने हाथ में कर लिया है। पटियाला नगर निगम में तो गठबंधन खाता भी नहीं खोल पाया। 29 नगर कौंसिलों व नगर पंचायतों में से 24 को भी रविवार को कांग्रेस ने अपनी झोली में डाल लिया। जिनमें सात नगर कौंसिलें व 17 नगर पंचायत शामिल हैं। एक नगर कौंसिल व दो नगर पंचायतों पर कांग्रेस पहले ही निर्विरोध चुनी जा चुकी है। हैरानी की बात है कि गठबंधन से ज्यादा नगर कौंसिलों-पंचायतों पर आजाद उम्मीदवारों का कब्जा हुआ है। आप का सूपड़ा ही साफ है।

रविवार सुबह आठ बजे से शाम चार बजे तक मतदान हुआ जिस दौरान कैप्टन के शहर पटियाला समेत कई जगह कांगे्रसियों व अकाली दल-भाजपा वर्करों में झड़पें हुईं। इनमें बार लोग घायल हुए हैैं। अमृतसर में झड़प के बाद एक आजाद प्रत्याशी के समर्थकों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया। मोगा व जालंधर में हल्की नोंक-झोंक हुई।
पटियाला में अकाली दल ने कांग्रेस पर बूथ कैप्चरिंग का आरोप लगाया है। वहां कांग्रेसियों ने फायरिंग भी की और कई जगह अकाली दल के बूथ तोड़ डाले या सुबह लगने ही नहीं दिए।

अकाली दल के अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री सुखबीर बादल ने आरोप लगाया है कि कांग्रेस ने बूथ कैप्चरिंग करके चुनाव जीता है जबकि मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि पटियाला में हुई झड़प आपसी, व्यक्तिगत विवाद था जिसे सुलझा लिया गया।

इस जीत से कांग्रेसी उत्साह में हैैं। नौ महीने पहले हुए विधानसभा चुनाव के बाद से पंजाब में शुरू कांग्रेस का विजयरथ निकाय चुनाव में भी जारी रहा। गुरदासपुर लोकसभा सीट का उप चुनाव जीतने के बाद अब निकाय चुनाव की परीक्षा में भी सरकार पास हो गई है। शिअद-भाजपा गठबंधन सिर्फ बीबी जागीर कौर के गढ़ में नगर पंचायत बेगोवाल को ही बचा पाया जबकि आम आदमी पार्टी का निकाय चुनाव में सूपड़ा साफ हो गया है। तीन नगर पंचायतों -चीमा, मूनक व खनौरी में निर्दलीयों ने जीत का परचम लहराया है।

जालंधर नगर निगम की 80 सीटों में से 66 पर कांग्रेस 12 पर और 2 पर आजाद ने जीत दर्ज की। पटियाला में 60 सीटों में से 57 सीटों पर हुए चुनाव में 55 सीटों पर कांग्रेस ने कब्जा जमा लिया है। एक वार्ड (37) का चुनाव रद्द हुआ है जबकि एक पर अभी मतगणना जारी है। तीन वार्डों पर कांग्रेस प्रत्याशी पहले ही निर्विरोध जीत चुके हैं। रात आठ बजे तक अमृतसर की 85 में से 68 सीटों के परिणाम घोषित हो चुके थे। इनमें से 52 पर कांग्रेस प्रत्याशी विजेता घोषित किए गए हैं। छह सीटें भाजपा, छह शिअद और छह आजाद प्रत्याशियों के खाते में गई हैं।

एक कौंसिल व दो नगर पंचायत बिना चुनाव जीत गई थी कांग्रेस

मोगा जिले की नगर कौंसिल बाघापुराना और फिरोजपुर की नगर पंचायत मक्खू व मल्लांवाला में शिअद प्रत्याशियों के नामांकन न भरने के कारण कांग्रेस प्रत्याशियों को पहले ही विजेता घोषित कर दिया था।

पत्नी को हारता देख पति ने तोड़ी ईवीएम, फिर भी हारी

मोगा जिले की नगर कौंसिल धर्मकोट से वार्ड सात की कांग्रेस प्रत्याशी परनीत कौर की हार के डर से उसके पति संदीप सिंह ने मुक्का मारकर चुनाव प्रक्रिया खत्म होने से 10 मिनट पहले ईवीएम तोड़ दी। इंजीनियर बुलाकर मतगणना की गई और परनीत कौर हार गई।

जनता ने लगाई कांग्रेस की नीतियों पर मोहर

मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि इस जीत ने कांग्रेस की नीतियों पर मोहर लगा दी है। उन्होंने विरोधियों के घटिया प्रचार की करारी हार बताया। उन्होंने पंजाब के लोगों को विरोधियों के झूठे बहकावे में न आने के लिए बधाई दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि विरोधी पार्टियों ने वोटरों को डराने-धमकाने के लिए खुलेआम धमकी दी। गुमराहपूर्ण बयानबाजी की, लेकिन जनता ने एेसे लोगों को नकार दिया। पंजाब के लोगों ने एेसे लोगों को नकारकर बुरे कामों की सज़ा दी है।

निष्पक्ष व लोकतांत्रिक ढंग से हुआ चुनाव : जाखड़

पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने निकाय चुनाव में जीत पर पार्टी कार्यकर्ताओं को बधाई दी है। वहीं, उनका कहना है कि अकालियों द्वारा कुछ क्षेत्रों में धमकाने, हिंसा और अफवाहें फैलाकर चुनाव प्रक्रिया में रुकावट पैदा करने की कोशिशें नाकामयाब रही। जाखड़ ने कहा, कैप्टन अमरिंदर सिंह सरकार द्वारा स्थिति को नियंत्रण में रखने को यकीनी बनाने के लिए तैयारियां की गई थी। जाखड़ ने विरोधियों की उकसाहटपूर्ण कार्यवाहियों का सामना करके भी शांति बनाए रखने के लिए कांग्रेसी वर्करों का धन्यवाद किया।

जाखड़ ने कहा कि गत् एक दशक में यह पहली बार हुआ है कि चुनाव पूरी तरह निष्पक्ष और लोकतांत्रिक ढंग से हुए। उन्होंने कहा कि अकालियों ने अपने 10 वर्ष के कार्यकाल के दौरान चुनाव जीतने के लिए जोर-जबरदस्ती  का अत्यधिक प्रयोग किया। उन्होंने कहा कि अकालियों की सरकार के दौरान वोटरों और राजनीतिक विरोधियों को डराने-धमकाने के लिए पुलिस बल का दुरुपयोग करना आम बात थी। पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष ने आगे कहा कि अकाली दल अभी भी इस सच्चाई से उभर नहीं पाया है कि वह अब सत्ता में नहीं है।

शिअद-भाजपा ने लगाए चुनाव में गड़बड़ी के आरोप

शिरोमणि अकाली दल के प्रधान सुखबीर बादल ने स्थानीय निकाय चुनाव में गड़बड़ी के आरोप लगाए। कहा कि राज्य चुनाव आयोग कांग्रेस प्रतिनिधि के रूप में काम किया। उन्होंने कहा कि राज्य चुनाव आयोग की भूमिका की जांच के लिए अकाली दल सीबीआइ जांच के लिए हाईकोर्ट जाएगी। भाजपा ने कांग्रेस पर बूथ कैप्चरिंग व धक्केशाही का आरोप लगाया।

प्रदेश भाजपा अध्यक्ष विजय सांपला ने कहा कि कांग्रेस ने गुंडागर्दी व बूथ कैप्चरिंग कर चुनाव में जीत हासिल की है।  पंजाब में लोकतंत्र की हत्या की गई है। आप के प्रदेश अध्यक्ष भगवंत मान ने कहा कि कांग्रेस ने लोकतंत्र की हत्या कर निकाय चुनाव हाईजैक कर लिया। कांग्रेस की जीत तो हुई है, लेकिन यह लोकतंत्र की हार है।

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