अब ट्रेनों से हटेगा रसोई यान, रेल्‍वे कर रहा विचार

कटनी। ट्रेनों में सफर कर रहे यात्रियों को अब पेंट्रीकार से खाना नहीं मिलेगा। रेल मंत्रालय यात्रियों तक नाश्ता और खाना पहुंचाने के लिए नई व्यवस्था बनाने जा रहा है। यदि सब कुछ ठीक रहा तो आने वाले नए साल में सेंट्रल किचन से यात्रियों तक भोजन और नाश्ता पहुंचाया जाएगा।

इस नई व्यवस्था के तहत सप्लाई करने का ठेका दिया जाएगा। गौरतलब है कि लंबी दूरी की ट्रेनों में अभी यात्रियों को चाय, नाश्ता और भोजन पेंट्रीकार के माध्यम से पहुंचता है। इसके लिए लंबी दूरी की ट्रेनों में पेंट्रीकार का कोच रहता है, जिसका संचालन इंडियन रेलवे केटरिंग एंड टूरिज्म कारपोरेशन लिमिटेड (आईआरसीटीसी) द्वारा किया जाता है।

पेंट्रीकार के भोजन में लगातार मिल रही शिकायतों को देखते हुए रेल मंत्रालय ट्रेनों से पेंट्रीकार को हटाने पर विचार कर रहा है। रेल मंत्रालय ने इसके संकेत भी दे दिए हैं। फरवरी से यह व्यवस्था लागू होने की संभावना जताई जा रही है। इस बदलाव के बाद यात्रियों तक सेंट्रल किचन से भोजन व नाश्ता पहुंचेगा। हालांकि इस संबंध में अभी तक अधिकारिक पत्र जारी नहीं हुआ है।

इस बदलाव के साथ नई योजना लाई जा रही है। इसके तहत सेंट्रल बेस किचन तैयार किया जाएगा। वहां से ट्रेनों में खाना पहुंचेगा। बेस किचन सीसी कैमरे से लैस होंगे। इसकी मानिटरिंग अफसर मोबाइल के जरिए कर सकते हैं। इसके अलावा आईआरसीटीसी के अफसर व कर्मचारियों की निगरानी में भोजन व नाश्ता तैयार होगा। इसके बाद ट्रेन में भी चढ़ाया जाएगा।

अभी पेंट्रीकार में ही खाना बनने से कर्मचारी घटिया सामान भी परोस देते हैं। पश्चिम मध्य रेलवे की ट्रेनों की हर दिन ट्विटर या हेल्पलाइन नंबर पर शिकायत होती है। ऐसी ही स्थिति दूसरे जोनों की ट्रेनों की है। बोर्ड इसी व्यवस्था को सुधारने की मशक्कत कर रहा है।

प्रतिदिन होगी जांच
पहले बेस किचन हर 200 किलोमीटर में स्थापित करने की योजना थी, पर इसमें बदलाव किया गया है। किचन ट्रेनों के समय पर निर्भर करेगा। यदि कोई ट्रेन दोपहर में गुजरती है तो भोजन और सुबह गुजरने वाली ट्रेनों के यात्रियों के नाश्ता परोसा जाएगा। जनआहार को ही सेंट्रल किचन बनाने की योजना पर भी काम किया जा रहा है। नई व्यवस्था के लागू होने के बाद जांच और भी तगड़ी हो जाएगी। खानपान की क्वालिटी में सुधार के लिए नई व्यवस्थाएं बन रही हैं। पेंट्रीकार हटाने को लेकर अब तक कोई आदेश जारी नहीं हुआ है।
पेंट्रीकार की बजाए लगेगा एसी थर्ड का कोच
रेल सूत्रों ने बताया कि पेंट्रीकार हटने के बाद रेलवे द्वारा एसी थर्ड का कोच लगाया जा सकता है। सूत्रों का कहना है कि यह पूरा काम राजस्व बढ़ाने के मकसद से किया जा रहा है। रेलवे का मानना है कि पेंट्रीकार की बजाए यदि एसी थर्ड का कोच ट्रेन में लगाया जाता है तो इससे रेलवे को ज्यादा राजस्व मिलेगा।

  • जोन से गुजरने वाली इन ट्रेनों में हैं पेंट्रीकार
    पुणे पटना एक्सप्रेस
    संघमित्रा एक्सप्रेस
    बागमती एक्सप्रेस
    हावड़ा मुम्बई मेल
    जबलपुर यशवंतपुर एक्सप्रेस
    जबलपुर मुम्बई गरीबरथ एक्सप्रेस

One thought on “अब ट्रेनों से हटेगा रसोई यान, रेल्‍वे कर रहा विचार

  • January 5, 2018 at 2:38 AM
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