नीलगाय के 6 शिकारियो को तीन साल की कठोर कैद, 60 हजार का जुर्माना

छतरपुर। वन्य जीव का शिकार करने के मामले में कोर्ट ने फैसला सुनाया है। सीजेएम एमडी रजक की अदालत ने मामले के 6 आरोपियो को तीन-तीन साल की कठोर कैद के साथ 60 हजार रुपए के जुर्माने की सजा दी है।
एडवोकेट राकेश दीक्षित ने बताया कि 1 जून 2016 को परिक्षेत्र सहायक पड़रिया बीट गार्ड कुंवरपुरा  तथा बीट गार्ड रामबाबू शुक्ला वनसरंक्ष, सुनील कुमार सोनी, गुरुप्रसाद दीक्षित सर्किल पड़रिया की गस्त कर रहे थें। उसी दौरान सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम ग्राम दालौन के काछनपुरवा में बरजौरा अहिरवार के खेत पर पहुची। खेत में कुछ लोग बैठे थे, घेरा बंदी कर उन्हें पकड़ा। सभी लोगो ने नीलगाय को मारकर कुल्हाड़ी से काटा था। वन विभाग की टीम ने मौके से दो किलो मांस, कुल्हाड़ी, लकड़ी का पटा और प्लास्टिक की बोरी जब्त की। वन विभाग की टीम ने बरजोरा अहिरवार, गोविंद अहिरवार, बुद्दा अहिरवार, कल्लू अहिरवार, अच्छेलाल अहिरवार और सेवा उर्फ शिवलाल अहिरवार सभी निवासी दालौन के खिलाफ मामला दर्ज कर कोर्ट में पेश किया। अभियोजन की ओर से एडीपीओ अमितमणि त्रिपाठी ने पैरवी कर सबूत कोर्ट में पेश किए। सीजेएम एमडी रजक की अदालत ने मामले की सभी आरोपियो को दोषी करार देते हुए वन्य प्राणी संरक्षण अधिनियम की धारा 9/51 में तीन-तीन साल की कठोर कैद के साथ दस-दस हजार रुपए के जुर्माना की सजा सुनाई।