उन्नाव दुष्कर्म कांड : रेप पीड़िता की कार को टक्कर मारने वाला ट्रक सपा नेता का

उन्नाव के चर्चित दुष्कर्मकांड की पीड़िता के साथ हुए हादसे के मामले में नया मोड़ आ गया है। कार में टक्कर मारने वाला ट्रक फतेहपुर के सपा नेता व पूर्व जिला सचिव नंदू पाल के भाई का है। सपा नेता का कहना है कि इसे साजिश बताकर बेवजह तूल दिया जा रहा है, जबकि यह महज हादसा है। हम लोग विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को जानते तक नहीं हैं, बस नाम सुना है। रही ट्रक के नंबर प्लेट में कालिख पोतने की वजह, तो यह केवल फाइनेंसर की नजरों से बचना था। यदि कहीं भी साजिश प्रतीत हो रही है तो सरकार इसकी सीबीआई जांच करा ले। ताकि सच्चाई सामने आ सके।

चार भाइयों के बीच 27 ट्रक हैं
फतेहपुर ललौली कस्बे के सातआना मोहल्ला निवासी सपा नेता नंदकिशोर पाल उर्फ नंदू पाल की पत्नी रामाश्री पाल सपा से असोथर ब्लॉक की प्रमुख रह चुकी हैं। सपा नेता चार भाई हैं। दूसरे नंबर पर देवेंद्र किशोर पाल, तीसरे नंबर मुन्ना पाल और सबसे छोटा दिलीप पाल है। दिलीप का मकान लालगंज में है। तीन भाइयों के ललौली के साथ शहर के नई तहसील के सामने पाल नगर में अलग-अलग मकान हैं। चारों भाइयों के बीच 27 ट्रक हैं। इसके अलावा लखनऊ रोड पर्र ईंट-भट्ठा है।

गांव का ड्राइवर के बचाव में उतरा
नंदू के मुताबिक दुर्घटना करने वाला ट्रक दूसरे नंबर के भाई देवेंद्र किशोर पाल के नाम पर है। यह ट्रक मोरंग रायबरेली में उतारने के बाद फतेहपुर लौट रहा था। ट्रक इसी थाने के ओती गांव का निवासी सूरजपाल का सबसे छोटा बेटा आशीष कुमार चला रहा था। सूरज का बड़ा बेटा सुनील और पंकज घर में रहकर खेती करते हैं। वहीं, ओती प्रधान सुशील सिंह भदौरिया ने बताया कि सूरजपाल का परिवार गांव में किसी से ज्यादा मतलब नहीं रखता है।

हादसे की सीबीआई जांच होगी
रायबरेली में उन्नाव की रेप पीड़िता की कार में टक्कर मारने के मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार देर रात सीबीआई जांच की सिफारिश कर दी। इस संबंध में केन्द्र सरकार को औपचारिक पत्र भेज दिया गया है। परिवार कर रहा था मांग: पीड़िता का परिवार सोमवार सुबह से ही इस मामले की सीबीआई जांच की मांग कर रहा था। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री के निर्देश पर प्रमुख सचिव गृह अरविन्द कुमार ने रात में रायबरेली एसपी की रिपोर्ट, फोरेंसिक जांच की अब तक की पड़ताल, हत्या की एफआईआर और कुछ अन्य दस्तावेज मंगवाये।