दिल्ली की 11 सदस्यीय टीम तय करेगी शहर में सफाई कितनी

जबलपुर। स्वच्छता सर्वेक्षण 2019 के लिए इस बार तय किए गए 5 हजार नम्बरों के लिए सर्वेक्षण शुरू चुका है। ओडीएफ प्लस-प्लस की टीम के निरीक्षण के बाद 3750 नम्बरों के लिए दिल्ली से शहर पहुंची 7 सदस्यीय सर्वे टीम शहर में घूम-घूम कर साफ, सफाई व अन्य कार्यों का निरीक्षण कर रही है। वहीं शुक्रवार को स्वच्छता सर्वेक्षण में जोड़े गए 1 हजार नम्बरों के लिए स्टार रेटिंग की 4 सदस्यीय टीम भी शहर पहुंच चुकी है। 7 स्टार के अंक मिलना जरूरी हैं। अब कुल 11 टीमें शहर में साफ-सफाई, डाक्युमेंटशन, डायरेक्ट आब्जर्वेशन सहित फीडबैक लेकर स्वच्छता सर्वेक्षण में शहर की रेटिंग तय करेंगी। बता दें कि स्वच्छता सर्वेक्षण का काम 2017 से शुरू हुआ है। पिछले 2 सालों में यह परीक्षा 4 हजार अंकों की होती रही, लेकिन इस बार इसे बढ़ाकर 5 हजार कर दिया है। इसमें ओडीएफ प्लस प्लस और स्टार रेटिंग के 1250 नम्बर बढ़ाए गए हैं।

  • डायरेक्ट आब्जर्वेशन – 1250

सर्वे टीम शहर का निरीक्षण कर टॉयलेट, साफ सफाई, कचरा कलेक्शन उसका निष्पादन, सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट, कंपोस्ट,ई-वेस्ट के कलेक्शन, निष्पादन के लिए किए जा रहे काम देखेगी।

दस्तावेज ऑनलाइन करने पर – 1250

स्मार्ट सिटी द्वारा स्वच्छता सर्वेक्षण 2019 की दौड़ में शामिल होने के साफ-सफाई, स्वच्छता पार्क, एनर्जी प्लांट सहित विकास कार्यो के जो दस्तावेज ऑनलाइन अपलोड किए है। उसका आंकलन करने टीम निरीक्षण कर रहीं।
पब्लिक फीडबैक – 1250
स्वच्छता सर्वेक्षण की टीम शहर में करीब 2 हजार लोगों से चर्चा कर शहर की साफ-सफाई, नागरिक को दी जा रही सुविधाओं आदि पर चर्चा कर फीडबैक लेगी। इस पर 1250 अंक मिलेंगे।
ओडीएफ प्लस-प्लस -250
खुले से शौच मुक्त होने पर 250 अंक निर्धारित किए गए हैं। ओडीएफ प्लस-प्लस की टीम पिछले दिनों शहर पहुंच कर सामुदायिक व सावर्जनिक शौचालयों का निरीक्षण कर चुकी है।
– 7 स्टार रेटिंग – 1000
स्वच्छता सर्वेक्षण में पहली बार जोड़ेे गए स्टार रेटिंग के आधार पर ही शहर को 1 से 7 स्टार तक की रेटिंग तय की जाएगी। इसके लिए 1 हजार अंक तय किए गए हैं। इसमें भी सफाई, सीवरेज ट्रीटमेंट, बिजली, पानी की 24 घंटे आपूर्ति शामिल है। हर स्टार में 150 अंक निर्धारित हैं।