मतगणना की शुरूआत डाकमतों की गिनती से होगी

जबलपुर। विधानसभा चुनाव के तहत 11 दिसंबर को होने वाली मतगणना की शुरूआत डाकमत पत्रों की गणना से होगी । लेकिन इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीन में डले मतों की गणना शुरू करने के लिए डाकमत पत्रों की गणना खत्म होने का इंतजार नहीं किया जायेगा । निर्वाचन आयोग के निर्देशों के मुताबिक ई.व्ही.एम. के मतों की गणना का काम डाकमत पत्रों की गणना शुरू होने के आधा घंटे बाद प्रारंभ किया जा सकेगा । हालांकि आयोग ने अपने निर्देशों में यह भी कहा है कि ई.व्ही.एम. के आखिरी दौर के पहले वाले दौर (पेनल्टीमेट राउण्ड) के मतों की गणना का काम डाकमत पत्रों की गणना का काम खत्म हो जाने के बाद ही शुरू किया जाना चाहिए।
22 चक्रों में पूरी होगी पाटन और पनागर विधानसभा क्षेत्रों के मतों की गणना
विधानसभा चुनाव के तहत जिले की आठों विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में ईव्हीएम पर डाले गये मतों की गणना 112 टेबिलों पर की जायेगी । भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के मुताबिक जिले के प्रत्येक विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र में डाले गये मतों की गणना के लिए 14-14 टेबिलों का उपयोग किया जायेगा । विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र पाटन और विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र पनागर के ईव्हीएम में दर्ज मतों की गणना 22-22 चक्र में होगें । जबकि विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र बरगी और विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र सिहोरा के मतों की गणना 21-21 चक्रों में सम्पन्न होगी । विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र जबलपुर पश्चिम के मतों की गणना 20 चक्र में तथा विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र जबलपुर उत्तर के मतों की गणना 18 राउण्ड में पूरी होगी । इसी प्रकार विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र जबलपुर पूर्व और विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र जबलपुर केंट के ईव्हीएम पर दर्ज मतों की गण्ना 16-16 चक्र में खत्म होगी ।
प्रेक्षकों और उम्मीदवारों की मौजूदगी में
सुबह 6.30 बजे खोला जायेगा स्ट्राँग रूम
विधानसभा चुनाव की मतगणना के लिए ईव्हीएम मशीनों को गणना टेबल तक पहुंचाने एमएलबी स्कूल स्थित स्ट्राँग रूम को मतगणना के दिन 11 दिसंबर की सुबह 6.30 बजे निर्वाचन आयोग के प्रेक्षकों की मौजूदगी में खोला जायेगा । स्ट्राँग रूम को खोले जाने की सूचना सभी मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों एवं उम्मीदवारों को दी जा चुकी है । उप जिला निर्वाचन अधिकारी नमरूशिवाय अरजरिया के मुताबिक स्ट्राँग रूम को खोले जाने के समय राजनैतिक दलों के पदाधिकारी, उम्मीदवार एवं उनके निर्वाचन अधिकारी मौजूद रह सकेंगे ।
मतगणना स्थल पर अधिकृत व्यक्ति ही प्रवेश पा सकेंगे
जबलपुर,। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर मतगणना हाल में अंदर केवल अधिकृत व्यक्ति को ही प्रवेश दिया जाएगा, इनमें गणना पर्यवेक्षक और गणना सहायक, निर्वाचन आयोग द्वारा अधिकृत व्यक्ति, निर्वाचन के संबंध कत्र्तव्यारूढ लोकसेवक एवं उम्मीदवार तथा उनके निर्वाचन और गणना अभिकर्ता शामिल रहेंगे। मतगणना प्रारंभ होने के पूर्व यह भी देख लेने को कहा गया है कि अधिकृत व्यक्तियों के अलावा अन्य कोई व्यक्ति हाल में उपस्थित न हो। आयोग ने यह भी ध्यान रखने को कहा है कि निर्वाचन के संबंध में कत्र्तव्यारूढ़ लोकसेवक के अंतर्गत सामान्य रूप से पुलिस अधिकारी नहीं आते हैं, ऐसे अधिकारियों को चाहे वे वर्दी में हो, या सादे वस्त्रों में, सामान्यतरू नियमानुसार काउंटिंग हाल के अंदर आने की अनुमति नहीं दी जाएगी जब तक कि कानून और व्यवस्था बनाए रखने या किसी भी प्रकार के अन्य प्रयोजन से अंदर बुलाने का निर्ण न लिया जाए। इसी तरह केन्द्र अथवा राज्यों के मंत्री, राज्य मंत्री और उपमंत्री भी इस श्रेणी नहीं आते। वे काउंटिंग हाल में केवल अभ्यर्थी के रूप में आ सकते हैं।
मतगणना केन्द्र पर ही चलेगा पता किसको कहां की करनी है गणना
जबलपुर, मतगणना प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता एवं निष्पक्षता सुनिश्चित करने की निर्वाचन आयोग की मंशा के अनुरूप मतगणना के लिए नियुक्त अधिकारियों-कर्मचारियों को मतगणना स्थल पहुंचने पर ही यह बताया जायेगा कि उन्हें किस विधानसभा क्षेत्र की किस टेबल पर मतों की गणना करनी है । आयोग के निर्देश के मुताबिक मतगणना के दिन मतगणना अधिकारियों को मतगणना केन्द्र पर प्रात: 6 बजे पहुंचना होगा । गोपनीयता की दृष्टि से इन अधिकारियों को विधानसभा क्षेत्र या मतगणना टेबिल नंबर की जानकारी पहले से नहीं दी जायेगी । चुनाव आयोग के प्रेक्षक तथा जिला निर्वाचन अधिकारी मतगणना के लिए प्रात: 5 बजे मतगणना स्थल पर तीसरे और अंतिम चरण के रेण्डमाईजेशन हेतु एकत्रित होंगे । इसी समय जिला निर्वाचन अधिकारी मतगणना हेतु जिले के प्रशिक्षित अधिकारियों-कर्मचारियों की सूची प्रेक्षकों को सौंपेंगे । इसमें गणना पर्यवेक्षक तथा अन्य गणना सहायकों के नामों की सूची होगी । इस दौरान प्रत्येक गणना अधिकारी को एक यूनिक सीरियल नंबर या कोड दिया जायेगा, जो एक तरह से लेवल्ड रहेगा । जिससे यह पता चलेगा कि उसमें उसकी श्रेणी मतगणना पर्यवेक्षक की है या मतगणना सहायक की । रेण्डमाइजेशन का कार्य कम्प्यूटर के माध्यम से किया जायेगा । रेण्डमाइजेशन होने के तत्काल बाद निर्वाचन क्षेत्रवार पोड्डस्टग (नियुक्ति) सूचियां प्रातरू 6 बजे संबंधित रिटर्निंग अधिकारियों को सौंपी जायेंगी । सभी प्रक्रियाओं में समय का विशेष ध्यान रखा जायेगा । जिससे आयोग द्वारा निर्धारित समय प्रात: 8 बजे से मतगणना का कार्य शुरू हो सके ।
छठा हिस्सा नहीं मिलने पर होगी जमानत राशि जप्त
भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार चुनाव लड़ रहे वे सभी उम्मीदवार अपनी निक्षेप राशि या सुरक्षा निधि गंवा बैठेंगे जिन्हें अपने निर्वाचन क्षेत्र में कुल डाले गये वैध मतों के छठवें हिस्से से कम या बराबर मत प्राप्त होंगे । आयोग के निर्देशों के मुताबिक कुल वैध मतों के 16.66 प्रतिशत अथवा छठवें हिस्से से कम या बराबर मत मिलने पर उम्मीदवार द्वारा नाम निर्देशन पत्र के साथ जमा की गई निक्षेप राशि जप्त कर ली जायेगी । इस राशि को उसे वापस नहीं किया जायेगा। आम बोलचाल की भाषा में इसे जमानत जप्त हो जाना कहते हैं । निर्वाचन आयोग के मुताबिक विधानसभा चुनाव लडऩे के लिए सामान्य वर्ग के उम्मीदवारों को 10 हजार रूपए और अनुसूचित वर्ग के प्रत्याशियों को 5 हजार रूपए की सुरक्षा निधि नामजदगी का पर्चा दाखिल करते वक्त जमा करानी होती है ।
हर गणना टेबल पर माइक्रो आब्जर्बर
भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार विधानसभा चुनाव के तहत 11 दिसंबर को होने वाली मतों की गणना के लिए उपयोग में लाई जाने वाली प्रत्येक टेबल पर निगरानी के लिए एक माइक्रो आब्जर्बर को भी तैनात रहेंगे ।ये माइक्रो आब्जर्बर गणना सुपरवाईजर और गणना सहायक के अलावा होंगे । निर्वाचन आयोग के निर्देशों के मुताबिक गणना टेबल पर तैनात किये जाने वाले माइक्रो आब्जर्बर केन्द्र सरकार के अधिकारी या कर्मचारी होंगे । गणना टेबलों पर तैनात किये जाने वाले माइक्रो आब्जर्बर मतगणना के दौरान हर छोटी-बड़ी गतिविधियों पर नजर रखेंगे । चूंकि माइक्रो आब्जर्बर निर्वाचन आयोग द्वारा नियुक्त प्रेक्षकों के नियंत्रण में रहेंगे इसलिए ये अपनी रिपोर्ट भी सीधे आयोग के प्रेक्षकों को ही देंगे । गणना टेबलों के अलावा एक माइक्रो आब्जर्वर टेबुलेशन पर नजर रखने तथा दूसरा निर्वाचन प्रेक्षक की सहायता के लिए भी तैनात होगा।
सुबह सात बजे पहुंचना होगा गणना अभिकत्र्ताओं को
गेट नम्बर एक से मिलेगा प्रवेश
जबलपुर, । पन्द्रहवीं विधानसभा के लिए हुए चुनाव जिले के आठों विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र के मतों की गणना के लिए एमएलबी स्कूल में तैयारियाँ जोर-शोर से जारी हैं । मतगणना कड़ी सुरक्षा के बीच 11 दिसंबर को सुबह 8 बजे से एमएलबी स्कूल में होगी । उप जिला निर्वाचन अधिकारी नमरूशिवाय अरजरिया के मुताबिक मतगणना स्थल पर केवल पासधारी व्यक्तियों को ही प्रवेश की अनुमति ही होगी । मतगणन के लिए उम्मीदवारों द्वारा नियुक्त गणना अभिकत्र्ताओं को सुबह 7 बजे मतगणना स्थल पर प्रवेश कर लेना होगा । उम्मीदवार, उनके निर्वाचन अभिकत्र्ता एवं गणना अभिकत्र्ताओं को एमएलबी स्कूल के गेट नंबर एक से कड़ी सुरक्षा जांच के बाद गणना स्थल के भीतर आने दिया जायेगा ।
वाहनों के आवागमन पर प्रतिबंध
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर श्रीमती छवि भारद्वाज ने विधानसभा चुनाव की होने वाली मतगणना के मद्देनजर 11 दिसंबर को राइट टाउन स्थित महारानी लक्ष्मी बाई कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की सौ मीटर की परिधि को पैदल यात्री जोन घोषित किया है । इस बारे में जारी आदेश में कहा गया है कि मतगणना के दिन सुबह 5 बजे से रात 11 बजे तक एमएलबी स्कूल के 100 मीटर की परिधि में किसी भी प्रकार के वाहन नहीं आ सकेंगे । जिला निर्वाचन अधिकारी ने ये आदेश भारत निर्वाचन आयोग के मार्गदर्शी सिद्धांतों के पालन में जारी किये हैं ।