मंडी में लगे में धान ढेर

सरकारी स्तर पर खरीदी की व्यवस्था ठप
जबलपुर मुनप्र। जबलपुर कृषि उपज मंडी में बड़ी मात्रा में बिकने के लिये आई धान के ढेर लगे हुये है लेकिन प्रशासनिक स्तर पर खरीदी की कोई पुख्ता व्यवस्था नजर न आने से किसान अपनी धान बेचने के लिये मंडी के चक्कर लगा रहे है। लेकिन उनकी सुनने वाला कोई नहीं है। वहीं दूसरी तरफ मंडी में ही व्यापारी किसानों की मजबूरी का फायदा उठाकर जिन्हें पैसों की जरूरत है उनकी धान बोली लगा कर मनमर्जी भाव से खरीद रहे है। हमारे प्रतिनिधि ने आज मंडी पहुंचकर वहां मौजूद किसान अंकित राजपूत, वृंदा झारिया, संतोष ठाकुर, अनिल राजपूत, रिकू ठाकुर, आदि से चर्चा की तो उन्होंने अपनी व्यथा सुनाते हुये कहा की सरकारी स्तर पर धान की खरीदी ठप पड़ी है। मजबूरी में हमें व्यापारियों को अपनी धान बेचनी पड़ रही है। वह कीमत हमे नहीं मिल पा रही जो मिलनी चाहिये। इधर दूसरी तरफ किसानें की परेशानी को देखते हुये कलेक्टर ने धान उर्पाजन की समीक्षा करते हुये स्पष्ट कहा है कि किसानों को खरीदी केंदों में परेशानी नहीं होनी चाहिये लेकिन हो इसके विपरीत हो रहा है कलेक्टर छवि भारद्वाज ने गत दिवस कलेक्टर कार्यालय के सभ कक्ष में धान के उर्पाजन व्यवस्था की समीक्षा कीऔर उन्होंने उर्पाजन केंन्दों पर किसानों को आने वाली हर कठानाईनियों का तुंरत निराकरण करने की शिकायत भी की इसके अलावा अधिकारियों को धान खरीदी का नियमित रूप से धान खरीदी के निर्देश दिये उन्होंने कहा कि किसानों को उनसे खरीदी गई धान का शीघ्र भुगतान हो इस पर अधिकारियों को खास ध्यान देना होगा। कलेक्टर ने बैठक में धान खरीदी की व्यवस्था से बिचौलियों को दूर करने की हिदायत देते हुये कहा कि बिचौलिया इस व्यवस्था का अनुचित लाभ न उठा पायें यह हर हाल में सुनिश्चित करना होगा। प्रबंधकों पर कठोर कार्यवाही की चेतावनी भी दी उन्होंने अमानक स्तर की धान की खरीदी करने वाली समितियों के खिलाफ भी सख्त कार्यवाही करने के निर्देश बैठक में दिये। एक तरफ कलेक्टर धान खरीदी और किसानों को सुविधाएं प्रदान करने के निर्देश दे रही है वहीं दूसरी तरफ सरकारी मंडिय़ों में लगे धान के ढेर और बैचने के लिये भटकते किसान व्यवस्थाओं की कलई खोल रहे है।