ट्रेनों में ऑटोमेटिक फायर एंड स्मोक डिटेक्शन सिस्टम लगाए जाएंगे

आग लगते ही रुक जाएगी ट्रेन
जबलपुर,नगर संवाददाता। ट्रेनों में आग की घटनाएं रोकने के लिए रेलवे ने नई तकनीक विकसित की है। इससे आग लगते ही ट्रेन रुक जाएगी और धन-जन की हानि रोकी जा सकेगी। रेलवे बोर्ड ने इस तकनीक के इस्तेमाल की मंजूरी दे दी है। रेल सूत्रों के अनुसार निशातपुरा कोच फैक्ट्री में बन रहे मॉडल कोच में इसका उपयोग किया जा रहा है। इस डिवाइस की खासियत यह है कि जैसे ही ट्रेन में आग लगेगी, तत्काल चेन पुलिंग हो जाएगी और ट्रेन रुक जाएगी। इससे आग बुझाने और राहत एवं बचाव कार्य में काफी सहूलियत होगी। नए रंग में दिखेंगी मालगाडिय़ां यात्री ट्रेनों को नया रूप देने के बाद रेलवे अब गुड्स ट्रेनों के वैगन को भी नया आकार दे रहा है। अब तक जिन वैगन को रेड ऑक्साइड या फिरोजी ब्लू रंग से रंगा जा रहा था, अब वे वैगन जेंटियन ब्लू कलर में दिखेंगे। रेलवे का तर्क है कि जेंटियन ब्लू एक साइनिंग देने वाला पेंट है। डार्क शेड होने के कारण जल्दी खराब नहीं होता है। इसकी चमक भी लंबे समय तक बनी रहती है। बीड़ी-सिगरेट से निकलने वाले धुएं की क्षमता इतनी अधिक नहीं होती कि उसे डिवाइस की मदद से पकड़ा जा सके या उसके धुएं से चेन पुलिंग हो जाए। इसलिए ट्रेनों में सिगरेट-बीड़ी पीने की प्रवृत्ति को इस डिवाइस की बदौलत नहीं पकड़ा जा सकेगा।