अब ट्रेन में नहीं घुस सकेंगे निजी वेंडर

जबलपुर। यात्रियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए रेल प्रशासन ने सख्त कदम उठाते हुए निजी वेंडरों पर लगाम कसतें हुए यह निर्णय लिया है कि अब सिर्फ भारतीय रेलवे खानपान व पर्यटन निगम (आईआरसीटीसी) के कर्मचारी ही ट्रेनों में यात्रियों को खाने-पीने का सामान पहुंचाएंगे। यहां तक कि जिन कंपनियों से रेलवे का करार है, उनके वेंडर भी स्टेशन पर ही आईआरसीटीसी के कर्मचारी को सामान सौंप सकते हैं। ट्रेन में बैठे यात्री तक उस सामान को पहुंचाने की जिम्मेदारी आइईरसीटीसी कर्मचारी की ही होगी। फिलहाल, यह योजना पमरे के इटारसी , भोपाल के अलावा झांसी नई दिल्ली, कानपुर, नागपुर, भोपाल, रेलवे स्टेशनों पर शुरू की जा रही है। यदि योजना सफल रही तो अन्य रेलवे स्टेशनों पर भी लागू की जाएगी। सूत्रों के अनुसार ट्रेन में यात्रियों को खाने-पीने का अच्छा सामान उपलब्ध हो, इसके लिए आईआरसीटीसी ने कई निजी कंपनियों के साथ समझौता किया है। इसकी आड़ में कई ऐसी कंपनियां भी ट्रेनों में खाने-पीने का सामान पहुंचाने लगी हैं, जिनके साथ रेलवे ने कोई करार नहीं किया है। अवैध वेंडरों का ट्रेन में प्रवेश यात्रियों की सुरक्षा के लिहाज से भी गंभीर मामला है। ऐसे में आईआरसीटीसी ने अपना डिलीवरी ब्वॉय तैनात करने का फैसला किया है। रेल यात्री जैसे ही आईआरसीटीसी की वेबसाइट या ऐप से खाना बुक करेंगे, इसकी जानकारी संबंधित कंपनी को मिल जाएगी। कंपनी का कर्मचारी ऑर्डर के अनुसार भोजन लेकर स्टेशन परिसर में पहुंचेगा और आईआरसीटीसी के कर्मचारियों को सौंप देगा, जो उसे यात्री तक पहुंचाएंगे। निजी कंपनी के कर्मचारी को ट्रेन में जाने की इजाजत नहीं होगी।