राष्ट्र सेविका संघ ने कहा-राहुल गांधी नहीं जानते RSS के बारे में ये बातें

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नई दिल्ली। राहुल गांधी के इस बयान का जवाब अब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की महिला शाखा राष्ट्रीय सेविका समिति ने दिया है. समिति का कहना है कि संघ में स्कर्ट, जींस और आधुनिक लिबास वाली न सिर्फ महिलाएं हैं, बल्कि वे जूडो-कराटे भी करती हैं.
सेविका समिति की अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनीला सोहनी का कहना है कि देश के सभी राज्यों में समिति की चार हजार से ज्यादा शाखाएं चल रही हैं और आधुनिक पढ़ी-लिखी महिलाएं हमारी ताकत में शुमार हैं. वे कैसे रहती हैं, कितने आधुनिक लिबास पहनती हैं ये उनका व्यक्तिगत मामला है. क्योंकि लक्ष्य समाज का निर्माण और सांस्कृतिक सुरक्षा है. समिति का मानना है कि किसी के आधुनिक कपड़े किसी मापदंड को तय नहीं करते. यह उनका व्यक्तिगत मामला है.
समिति है क्या
राष्ट्र सेविका समिति संघ की वह इकाई है जिसे संघ संस्थापक केशव बी हेगडेवार ने स्थापित किया था. साल 1936 में मावशी केलकर इसकी पहली संस्थापक अध्यक्ष बनी थीं. यह संघ की सहयोगी इकाई है. संघ की ही तरह इसकी शाखाएं सुबह-शाम चलती हैं. करीब सात लाख से ज्यादा महिलाएं इसकी सक्रिय सदस्य हैं.

महाजन से लेकर निर्मला तक जुड़ी हैं
संघ की इस महिला विंग ने भाजपा में कई महिला लीडर्स दी हैं. स्पीकर सुमित्रा महाजन, निर्मला सीतारमण, वसुंधरा राजे, उमा भारती, किरण महेश्वरी समेत कई राज्यों की महिला कैबिनेट मंत्री, विधायक सेविका समिति से जुड़ी हैं. जिस तरह भाजपा के नेता-कार्यकर्ता संघ से जुड़े हैं, उसी तरह भाजपा की महिला नेत्रियां भी समिति से जुड़ी हुई हैं.
पथ संचलन निकलता है
संघ की ही तरह इसका पथ संचलन भी निकलता है और रोज शाखा में योग और जूडो-कराटे सिखाए जाते हैं. समाज का बौद्धिक विकास स्त्री शक्ति से संभव है. इसलिए उन्हें आत्मरक्षा और प्रबोधन के साथ तैयार किया जाता है.
जम्मू-कश्मीर और अयोध्या आंदोलन में सक्रियता
इस संगठन ने जम्मू-कश्मीर से विस्थापित कश्मीरी पंडितों की विधवाओं और बच्चों के लिए खास काम किया है. जालंधर में छात्रावास और सेवा प्रकल्प चल रहा है. विदर्भ और छत्तीसगढ़ में महिला आदिवासियों के बीच भी कई प्रकल्प समिति के चल रहे हैं. वर्तमान में शांता अकक्का इसकी प्रमुख हैं, जिन्हें संघचालिका का दर्जा हासिल है.
ताकत बढ़ रही है
पिछले दिनों दिल्ली में सेविका समिति का अधिवेशन हुआ था. इसमें सरसंघ चालक मोहन राव भागवत मौजूद थे. इसमें बड़ी संख्या में प्रोफेशनल्स शामिल हुई थीं.

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