Amrit Bharat Train: सीता माता-श्रीराम जन्मस्थली को जोड़ेगी देश की पहली अमृत भारत ट्रेन। वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेनों की शुरुआत ने भारतीय रेल में आधुनिकता की नए दौड़ की शुरुआत की थी। अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस और सेमी हाई स्पीड वंदे भारत को लोगों ने खूब सराहा भी, लेकिन वंदे भारत एक्सप्रेस के महंगे किराए ने भारतीय रेल के इस आधुनिक प्रयोग को निम्न आय वर्ग के लोगों के लिए सफर मुश्किल बना दिया। देश की आम जनता की इसी जरूरत को देखते हुए भारतीय रेल एक नई पहल करने जा रही है और वंदे भारत के बाद अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों की शुरुआत करने जा रही है।
अमृत भारत ट्रेन में वंदे भारत जैसी सुविधाएं
22 बोगियों वाली इस ट्रेन में AC कोच की बजाय सभी कोच स्लीपर और जनरल के हैं। लेकिन सुविधाएं वंदे भारत जैसी ही आधुनिक हैं। CCTV कैमरों से लैस ट्रेन की बोगियां अत्याधुनिक शौचालय, बोगियों में सेंसर वाले वाटर टैप (नल) के साथ गॉर्ड और मेट्रो की तर्ज पर अनाउंसमेंट सिस्टम के इंतजाम इस नई ट्रेन में होंगे।
वंदे भारत ट्रेन जैसी ही अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस और सेमी हाई स्पीड अमृत भारत एक्प्रेस का किराया सामान्य ट्रेनों से कम रखने की योजना है, ताकि देश की आम जनता रेलवे की आधुनिक सुविधाओं का लाभ ले सके।
अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन का रूट
देश की पहली अमृत भारत एक्सप्रेस बिहार से शुरू होगी। इस ट्रेन की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करेंगे। देश की पहली अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन की शुरुआत माता सीता के जन्मस्थली से भगवान श्री राम की जन्मस्थली को जोड़ेगी। इस ट्रेन की शुरुआत की तारीख उस दिन रखी गई है जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अयोध्या में रामलला के दर्शन के लिए जाएंगे।
30 दिसंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अयोध्या में होंगे और उसी दिन देश की पहली अमृत भारत ट्रेन की शुरुआत होगी, जो दरभंगा से अयोध्या होते हुए दिल्ली तक जाएगी। अयोध्या में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पांच नई वंदे भारत एक्सप्रेस के अलावा जिन दो अमृत भारत एक्सप्रेस को झंडी दिखाएंगे, उनमें से पहली बिहार के दरभंगा से अयोध्या होते हुए दिल्ली जाएगी। वहीं, दूसरी अमृत भारत एक्सप्रेस मालदा से बैंगलुरु जाएगी।
पूर्व मध्य रेल के हाजीपुर मुख्यालय में जोश हाई
वंदे भारत की शुरुआत के लंबे समय के बाद बिहार को पहली वंदे भारत एक्सप्रेस मिली थी। लेकिन आम देशवासियों के मतलब वाली इस ट्रेन की शुरुआत बिहार से शुरू होने से रेल महकमा खासा उत्साहित है। बिहार झारखंड और उत्तर प्रदेश तक फैले पूर्व मध्य रेल के हाजीपुर मुख्यालय में इस ट्रेन के मिलने का जोश हाई दिख रहा है। रेल मुख्यालय ने तो इस नई ट्रेन के स्वागत की तैयारियां भी शुरू कर दी हैं।
रफ्तार के साथ सुरक्षा का रखा गया खयाल
इस नई ट्रेन की सभी बोगियां सुरक्षा की दृष्टि से बेहतरीन LHB मॉडल की हैं। ट्रेन में वंदे भारत की तर्ज पर ही पुल-पुश मेथड वाले आगे पीछे दो अलग-अलग इंजन लगे हैं, जिससे ट्रेन की रफ्तार राजधानी और शताब्दी ट्रेनों को टक्कर देते हुए 130 किलोमीटर प्रति घंटा की होगी।
आधुनिक सुविधाओं से लैस इस सेमी हाई स्पीड ट्रेनों में किराया बेहद कम रखा गया है। लेकिन रफ्तार और सुरक्षा का पूरा-पूरा ख्याल रखे जाने का दावा किया गया है। कुल मिलाकर बेशक बिहार को वंदे भारत ट्रेन देर से मिली, लेकिन आम भारतीय के जरूरत की पहली अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन का बिहार को मिलने का बड़ा मतलब है। इस ट्रेन को आम लोगों और मजदूर प्रवासियों को ध्यान में रख बनाया गया है जो बिहार उत्तर प्रदेश के लोगों को बड़े महानगरों से जोड़ेगी।ो
