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समझौता के बाद थार एक्‍सप्रेस बंद, भारत ने दी पाक को चेतावनी- दूसरे देशों के मामलों में दखल न दे

09 08 2019

इस्‍लामाबाद। पाकिस्‍तान के रेल मंत्री शेख राशिद अहमद ने शुक्रवार को एलान किया कि जोधपुर से कराची के बीच चलने वाली थार एक्‍सप्रेस सेवा को बंद कर दिया जाएगा। इससे पहले दोनों देशों के बीच चलने वाली समझौता एक्‍सप्रेस को पाकिस्‍तान ने अपनी सीमा के भीतर ही रोक लिया था। इसपर भारतीय विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर पाकिस्‍तान के इन फैसलों को एकतरफा बताया। बयान में विदेश मंत्रालय के प्रवक्‍ता रवीश कुमार ने पाकिस्‍तान से लिए गए फैसलों पर पुनर्विचार कर दूसरे देशों के अंदरुनी मामलों में दखल देने की हरकत से बाज आने को कहा है। गुरुवार को पाकिस्‍तान की ओर से एयरस्‍पेस बंद करने की खबर पर उन्‍होंने बताया, ‘पाकिस्‍तानी एयरस्‍पेस बंद नहीं है, सिर्फ कुछ री-रूटिंग यानी रास्‍तों को बदला गया है। एयरस्‍पेस पूरी तरह से ऑपरेशनल है।’

रवीश कुमार ने कहा, ‘पाकिस्‍तान द्वारा ताबड़-तोड़ एकतरफा फैसले लेने का सिलसिला नहीं थम रहा है। बगैर हमसे संपर्क किए ही ये सारे फैसले पाकिस्‍तान लिए जा रहा है। हमने उनसे इन फैसलों पर दोबारा विचार करने का आग्रह किया है। हमारा मानना है कि पाकिस्‍तान द्वारा जो भी किया जा रहा है वह दि्वपक्षीय संबंधों के लिए चेतावनी है। उन्‍होंने आगे कहा, ‘यह पाकिस्तान के लिए वास्तविकता को स्वीकार करने और अन्य देशों के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप करना बंद करने का समय है।’

समझौता एक्‍सप्रेस को लेने के लिए भेजा था संदेश
गुरुवार को पाकिस्‍तान से भारत आने वाली समझौता एक्‍सप्रेस को पाकिस्‍तानी क्रू मेंबर ने ट्रेन को सीमा पर रोक दिया और इसे आगे बढ़ाने से इंकार कर दिया। पाकिस्‍तान रेलवे की ओर से अटारी रेलवे स्‍टेशन के अधीक्षक को संदेश भिजवाया गया कि वे ट्रेन को आगे ले जाने के लिए भारतीय क्रू सदस्यों को भेजें। इसके बाद अटारी रेलवे स्‍टेशन से इंजन और ट्रेन को लाने के लिए क्रू मेंबर भेजे गए। अटारी रेलवे स्‍टेशन के अधीक्षक ने बताया कि पाकिस्‍तान रेलवे के संदेश के बाद ट्रेन को यहां लाने के लिए कदम उठाया गया। पाकिस्‍तान के ड्राइवर और गार्ड ने भारत में ट्रेन को लाने से मना कर दिया था। इसके बाद हमने अपने चालक व गार्ड इंजन के साथ भेजा।

पाक को हजम नहीं हो रहा घाटी में हुआ बदलाव
जम्‍मू कश्‍मीर को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्‍छेद 370 व 35 ए के प्रावधानों को हटाने व राज्‍य के पुनगर्ठन विधेयक को पारित किए जाने को लेकर पाकिस्‍तान की बेचैनी इस तरह के फैसलों से स्‍पष्‍ट तौर पर सामने आ रही है। बता दें कि इससे पहले बुधवार को उसने भारत के साथ व्यापार रोकने की घोषणा की थी। पाकिस्तान ने भारतीय उच्चायुक्त अजय बिसारिया को वापस भारत लौटने को तो कहा ही साथ ही पाकिस्तान भारत के लिए नियुक्त किए गए अपने उच्चायुक्त को दिल्ली नहीं भेजने का फैसला ले लिया। राष्ट्रीय सुरक्षा समिति की बैठक के बाद पाकिस्तान ने भारत के साथ अपने कूटनीतिक संबंधों को भी कम करने का फैसला लिया है।

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