मुंबई। महाराष्ट्र में सरकार बनाने को लेकर कांग्रेस, शिवसेना और एनसीपी ने कोशिशें और तेज कर दी हैं। साझा न्यूनतम कार्यक्रम पर चर्चा के लिए तीनों दलों ने आज एक संयुक्त बैठक की। इस बैठक में तीनों पार्टियों के कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए। कांग्रेस नेता पृथ्वीराज चव्हाण, एनसीपी नेता छगन भुजबल, नवाब मलिक और शिवसेना नेता एकनाथ शिंदे व अन्य नेता बैठक में मौजूद रहे। इस बीच भाजपा नेता केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का बड़ा बयान आया है। श्री गडकरी ने यह कह राजनीति गरमा दी कि क्रिकेट और राजनीति में परिणाम कुछ भी हो सकते हैं। गडकरी ने यह भी कहा कि क्रिकेट में मैच हारती टीम अचानक जीत जाती है। राजनीति भी कुछ ऐसी ही होती है। गडकरी के इस बयान से भाजपा की सरकार बनाने की कोशिश की ओर इशारा करती नजर आ रही हैं।
उधर सूत्रों की मानें तो जल्द ही तीनों दल सरकार बनाने के फार्मूले को तय करेंगे। संभव है कि 17 नवंबर को सरकार बनाने की घोषणा की जाए। क्योंकि यह दिन बाला साहेब ठाकरे की पुण्यतिथि है।
बीते दो-तीन दिनों में वरिष्ठ नेताओं की मुलाकातों के बाद तीनों पार्टियों की समन्वय समिति की पहली बैठक बृहस्पतिवार शाम को हुई। बैठक में मुख्य मुद्दा था कि किस तरह मिलकर सरकार बनाएंगे और सत्ता का आपसी बंटवारा कैसे होगा। समन्वय समिति सरकार बनाने और चलाने की रूपरेखा बनाएगी और उसका फाइनल ड्राफ्ट तीनों दलों के आलाकमान को भेजा जाएगा। वही अंतिम फैसला करेंगे।
सूत्रों के अनुसार बृहस्पतिवार की बैठक में कोई निर्णायक फैसला नहीं हुआ लेकिन अगली बैठकों के मुद्दे तय कर लिए गए। बांद्रा के एमईटी में हुई बैठक में शिवसेना की तरफ से एकनाथ शिंदे और सुभाष देसाई मौजूद थे। जबकि कांग्रेस की ओर से पृथ्वीराज चव्हाण, सुशील कुमार शिंदे, बालासाहेब थोराट, माणिकराव ठाकरे, विजय वडेट्टीवार मौजूद थे। एनसीपी की तरफ से भी जयंत पाटिल, छगन भुजबल और नवाब मलिक मौजूद थे।
बैठक के बाद शिवसेना नेता एकनाथ शिंदे ने कहा कि कांग्रेस, शिवसेना और एनसीपी की आज बैठक हुई। इसमें न्यूनतम साझा कार्यक्रम पर चर्चा हुई। ड्राफ्ट तैयार कर लिया गया है। ये ड्राफ्ट तीनों पार्टियों के हाईकमान को भेजा जाएगा। हाईकमान ही अंतिम फैसला लेगा।

