वेस्ट दिल्ली। राखी पर बहन अपनी सुरक्षा के लिए भाई को धागा बांधकर सोचती है कि जब तक वह जिंदा है तब तक तो उसका भाई उसकी सहायता के लिए अगले ही पल उसके सामने खड़ा होगा। लेकिन रोहिणी में एक ऐसा भाई भी सामने आया जिसने अपनी ही बहन को दो साल से छत पर खुले आसमान के नीचे मरने के लिए छोड़ रखा था।
उसको खाना भी फेंककर दिया जाता था। पास इसलिए नहीं जाता था कि उसे कोई बिमारी नहीं लग जाए। उसकी बहन भी मरने का बस इंतजार कर रही थी लेकिन पड़ोसियों को जब मामले की जानकारी मिली तो उन्होंने महिला आयोग को सूचना दी।
महिला आयोग ने वहां पहंचकर स्थानीय पुलिस की मदद से महिला को भाई के चुंगल से अधमरी हालत में छुड़ावाया। आयोग के अधिकारी भी उस छत को देखकर हैरान थे कि छत पर गंदगी थी। शौच के लिए कोई जगह नहीं था। छत पर बस थी तो बदबू। जहां पर 50 साल की महिला अपने भाई के चुंगल में चुपचाप बस अपनी मौत आने का इंतजार कर रही थी।
आयोग की टीम जब महिला के भाई के घर पहुंची तो उसकी पत्नी ने गेट खोलने से मना कर दिया। उसने आयोग के लोगों को गालियां देना शुरू कर दिया। आयोग की टीम ने थाने में एसएचओ से बात की जिन्होंने सहायता के लिए पुलिस की एक टीम भेजी। आयोग और पुलिस की टीम फिर उस घर पर पहुंचे। महिला ने दोबारा गेट खोलने से इंकार कर दिया। पुलिस ने आयोग की टीम के साथ सटे मकान की छत से उस छत तक पहुंची। जहां पर महिला मौत का इंतजार कर रही थी। 50 वर्षीय महिला अपनी ही गन्दगी में पड़ी हुई थी। उसकी हालत बहुत खराब थी। वह इस कदर भुखमरी की शिकार थी कि वह एक हड्डियों का ढांचा मात्र रह गया है। उस छत पर महिला का मल फैला हुआ था। उसको खुले में छत पर रखा हुआ था जिस पर कोई कमरा या शौचालय नहीं था।
महिला के भाई को तुरंत किया जाए गिरफ्तार: स्वाति
दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्षा स्वाति मालीवाल और सदस्या किरण नेगी ने कहा कि जिस तरह से इस महिला को अमानवीय तरीके से रखा, उसको देख कर बहुत धक्का लगा। अभी वह केवल 50 साल की है, जबकि देखने में उसकी उम्र 90 वर्ष से ज्यादा लग रही है। वह इतनी ज्यादा लाचार थी कि वह खुद का ख्याल रखने में भी असमर्थ थी। उन्होंने कहा कि महिला के भाई और उसकी पत्नी को तुरंत गिरफ्तार किया जाना चाहिए और उन पर मुकदमा चलाना चाहिए। स्वाति मालीवाल ने कहा कि मुझे दुख है कि इतने दिनों तक किसी भी पड़ोसी ने इसकी सूचना पुलिस या आयोग को नहीं दी। मैं सभी लोगों से अपील करती हूं कि अगर उनके आसपास ऐसी कोई घटना सामने आती है तो तुरंत इसकी सूचना दें ताकि ऐसी और लड़कियों और महिलाओं को बचाया जा सके।

