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पैसे उगाही के लिए नोएडा गए थे जबलपुर के पुलिस अधिकारी, उलट गया पूरा मामला, रिवाल्वर तो गई गिरफ्तार भी हो गए

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नोएडा। मध्यप्रदेश की जबलपुर पुलिस के आईटी सेल से तीन पुलिसकर्मी उत्तर प्रदेश में जांच करने के लिए आए थे. इस दौरान नोएडा में सबसे पहले बदमाश उनसे सर्विस पिस्टल छीनकर भाग गए. अब मामले में नया मोड़ आया है. दरअसल यूपी पुलिस ने केस की जांच करने के बाद तीनों पुलिसकर्मियों को ही गिरफ्तार कर लिया है. इस मामले में पुलिस ने कुल पांच लोगों को गिरफ्तार किया है.

पहले छीनी गई पिस्टल
दरअसल, मध्यप्रदेश के जबलपुर की एक शिकायत के आधार पर तीन पुलिसकर्मी एक केस की जांच के सिलसिले में नोएडा पहुंचे थे. शुक्रवार को सेक्टर 18 में एक बैंक के सामने कुछ लोगों से उनकी झड़प हो गई. इसके बाद कार सवार बदमाश एक पुलिसकर्मी से सर्विस पिस्टल लेकर भाग गए.

पुलिस जांच में मामला ही उलटा
इस मामले में जब यूपी पुलिस ने जांच शुरू की, तो मामला ही उलटा पड़ गया. जॉइंट सीपी लव कुमार ने बताया कि तीनों पुलिसकर्मी यहां पैसे की उगाही करने के चक्कर में आए थे. जबलपुर में दर्ज एक केस की जांच में आई इस टीम का संपर्क मुख्य आरोपी सूर्यभान यादव से था. सूर्यभान यादव का बैंक में एक खाता था, जिसे पहले से फ्रीज किया गया था.  फ्रीज अकाउंट में 58 लाख रुपये थे. इन पुलिसकर्मियों का प्लान था कि इस अकाउंट को डिफ्रीज करके कुछ पैसे केस दर्ज करवाने वाले व्यक्ति के अकाउंट में डाल दिया जाए और बाकी आरोपी से 22 लाख रुपये कैश ले लिए जाएं.

आरोपी ने रची साजिश
पुलिस के इस प्लान को फेल करने के लिए आरोपी सूर्यभान यादव ने भी एक प्लान बनाया. लव कुमार ने बताया कि आरोपी का प्लान था कि पैसे देने के बाद पुलिसकर्मियों को धमकाकर वापस लूट लिया जाए. हालांकि, पैसे की लेनदेन के समय में पुलिस वालों से कहा-सुनी हो गई. एक पुलिसकर्मी ने अपनी पिस्टल निकाली, तो बदमाश उसे छीनकर फरार हो गए. लव कुमार ने बताया कि इससे पहले भी एक पुलिसकर्मी के खाते में 22 लाख रुपये कीमत की बिटक्वॉइन जमा की जा चुकी है.

पांच लोग गिरफ्तार
यूपी पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी सूर्यभान यादव और उसके भाई को गिरफ्तार किया है. इसके अलावा एमपी से आई साइबर सेल की टीम को भी गिरफ्तार कर लिया है. हालांकि, पिस्टल छीनने वाले बदमाश अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं और सर्विस पिस्टल भी बरामद नहीं की गई है.

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