भोपाल। मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2018 का बिगुल बजते ही प्रमुख राजनीतिक दल कांग्रेस और बीजेपी ने कमर कस ली है. हाल ही में भाजपा द्वारा शुरू किया गया ‘मेरा सुझाव मेरा चुनाव, समृद्ध मध्य प्रदेश अभियान’ काग्रेस को रास नहीं आ रहा है।
मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2018 के मद्देनजर भाजपा के समृद्ध मध्य प्रदेश अभियान को लेकर कांग्रेस और भाजपा आमने-सामने हो गई है. भाजपा का कहना है कि इस अभियान का मकसद साफ है. समाज के नेतृत्व में सरकार चले, यह भाजपा की सोच है. उधर कांग्रेस ने साफ कहा है कि इस ‘समृद्ध मध्य प्रदेश’ अभियान का हश्र भी वैसा ही होगा, जैसा कि ‘इंडिया शाइनिंग’ अभियान का हुआ था।
मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2018 का बिगुल बजते ही प्रमुख राजनीतिक दल कांग्रेस और बीजेपी ने कमर कस ली है. हाल ही में भाजपा द्वारा शुरू किया गया ‘मेरा सुझाव मेरा चुनाव, समृद्ध मध्य प्रदेश अभियान’ काग्रेस को रास नहीं आ रहा है. भाजपा का कहना है कि चुनाव से पहले जनता से सुझाव लेना भाजपा की परंपरा है, क्योंकि भाजपा समाज के नेतृत्व में सरकार चलाने में विश्वास रखती है. बीजेपी इस अभियान को पूरे प्रदेश में चला रही है. बुरहानपुर में भाजपा के अभियान को लेकर महिला एवं बाल विकास मंत्री अर्चना चिटनीस जगह-जगह बीजेपी कार्यकर्ताओं को ट्रेनिंग दे रही हैं।
उधर, अभियान को लेकर कांग्रेस ने चुनाव आयोग से शिकायत भी की है. बुरहानपुर से जिला कांग्रेस अध्यक्ष अजय सिंह रघुवंशी ने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि 14 साल तक बीजेपी ने मध्य प्रदेश में सरकार चलाई, अब प्रदेश को समृद्ध बनाने में कौन सी कसर बाकी रह गई. उन्होंने कहा कि अब बीजेपी के जाने का समय आ गया है. जनता 28 नवंबर को भाजपा को प्रदेश से विदाई देने की तैयारी कर रही है. उन्होंने कहा कि समृद्ध मध्य प्रदेश अभियान का भी वही हश्र होगा जो शाइनिंग इंडिया का हुआ था.

