कांग्रेस की लिस्ट में चौकाने वाला नाम “जयस” के मुखिया डॉ. हीरालाल का, संगठन में फूट
भोपाल। मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने प्रत्याशियों की पहली सूची जारी कर दी है. इसमें 155 नामों का ऐलान किया गया है. सूची में पार्टी ने अनुभवी के साथ ही युवाओं को भी मौका दिया है. दिलचस्प बात यह है कि जयस आदिवासी संगठन के मुखिया डॉ. हीरालाल अलावा ने भी पाला बदल लिया. कांग्रेस ने जयस के मुखिया डॉ. हीरालाल अलावा को कांग्रेस ने टिकट दे दिया है.
जयस के लिए यह बड़ा झटका माना जा रहा है. कांग्रेस पार्टी ने उन्हें मनावर से टिकट दे दिया है. कई दिन से जयस और कांग्रेस के बीच गठबंधन की चर्चा चल रही थी. जयस इस बात पर अड़ी थी कि गठबंधन उसी शर्त पर होगा अगर कांग्रेस कुक्षी की सीट उसके लिए छोड़ दे. कुक्षी कांग्रेस का अभेद गढ़ है. जयस का तर्क ये था कि उसने अपनी राजनीति कुक्षी से शुरू की है इसलिए वो कुक्षी पर अपना दावा नहीं छोड़ेगी.
कांग्रेस की लिस्ट आते ही जयस में फूट पड़ गयी है. संगठन के अन्य पदाधिकारियों ने हीरालाल अलावा पर संगठन को धोख़ा देने का आरोप लगाया. जयस से फाउंडर मेंबर अरविंद मुजाल्दा ने अलावा के कांग्रेस से टिकट लेने पर गहरी नाराज़गी जताई है.
इसके अलावा दिग्विजय सिंह के बेटे जयवर्धन सिंह और उनके भाई लक्ष्मण सिंह को विधानसभा प्रत्याशी बनाया गया है. लक्ष्मण सिंह चाचौड़ा से और जयवर्धन सिंह राघोगढ़ से चुनाव लड़ेंगे. वहीं सुरेश पचौरी को भोजपुर विधानसभा क्षेत्र से उतारा गया है. वहां से वे पिछली बार चुनाव हार गए थे. पूर्व सांसद सज्जन सिंह वर्मा को मैदान में उतारा है
पहली सूची में छह मौजूदा विधायकों के टिकट काटे गए हैं. कांग्रेस ने जिन छह विधायकों के नाम काटे हैं उनमें करैरा से शकुंतला खटीक, जतारा से दिनेश अहिरवार, कोतमा से मनोज अग्रवाल, परासिया से सोहनलाल मालवीय, सिरोंज से गोवर्धन उपाध्याय, पांढुर्ना से जतन उइके शामिल हैं.
कांग्रेस ने युवाओं को भी मौका दिया है. युवक कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष कुणाल चौधरी और NSUI के प्रदेश अध्यक्ष विपिन वानखेड़े को भी मौका दिया है. सूची में पार्टी ने अनुभवी के साथ ही युवाओं को भी मौका दिया है. पार्टी ने 22 महिलाओं को मौका दिया है.