Gujarat Election – मंथन के बाद लिस्ट फाइनल नहीं कर सकी भाजपा

Gujarat Election – में बीजेपी के टिकट पर भाग्य आजमाना चाह रहे भाजपा नेताओं में बेचैनी का माहौल है। गुजरात में 9 दिसंबर को पहले चरण का मतदान है,भाजपा ने लिस्ट अभी तक फाइनल नहीं की है। बीजेपी की केन्द्रीय चुनाव समिति कैंडिडेट्स का नाम तय करने के जुटी तब नेताओं में उम्मीद जगी, मगर कई घंटे की चर्चा के बादभी पार्टी ने इंतजार की लिस्ट थमा दी। दिल्ली में पार्टी की बैठक के बाद केन्द्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा, ‘ की सही वक्त पर लिस्ट दारी कर दी जाएगी।’ उम्मीदवारों के नामों पर चर्चा करने के लिए हुई ये बैठक तीन घंटे तक चली, इस मीटिंग में पीएम नरेन्द्र मोदी, बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह, गुजरात के सीएम विजय रुपाणी, डिप्टी सीएम नितिन पटेल और गुजरात बीजेपी के अध्यक्ष जीतू वगनानी शामिल हुए। लेकिन इतनी हाई प्रोफाइल बैठक के बाद भी कोई नाम आने से जिन्हें सबसे ज्यादा चिंता हुई है वे हैं मौजूदा विधायक। उन्हें फिक्र है कि अगली बार पार्टी उन्हें टिकट देगी या नहीं। हालांकि कांग्रेस ने भी अभी तक कोई लिस् जारी नहीं की हैै। बीजेपी ने कैंडिडेट्स का नाम तय करने के लिए जमीनी स्तर पर काफी मेहनत की है। बीजेपी नेताओं ने पिछले महीने जिला स्तर पर कई बैठकें की, और चुनिंदा उम्मीदवारों के नाम फाइनल किये गये, फिर इन नामों को पार्टी के राज्य चुनाव समिति को भेजा गया। जानकारी के अनुसार बीजेपी की राज्य चुनाव समिति 10 और 11 नवंबर को मुलाकात की थी और हर सीट के लिए तीन नामों पर चर्चा हुई। गुजरात विधानसभा में 182 सीटें हैं। बीजेपी के सूत्रों ने बताया कि चूंकि कांग्रेस टिकट देने में जातीय समीकरण का ख्याल रख रही है इसलिए बीजेपी नामों के ऐलान में देरी कर रही है ताकि कांग्रेस के जातीय गणित से बीजेपी संतुलन बिठा सके। बीजेपी सूत्रों का कहना है कि पार्टी पहले कांग्रेस की लिस्ट देखने के बाद ही अपनी सूची जारी करेगी। उसी के मुताबिक अपनी रणनीति बनाना चाहती है। बीजेपी की नजर हार्दिक पटेल, जिग्नेश मवानी और अल्पेश ठाकोर के साथ कांग्रेस के समझौते पर भी है, बीजेपी ये जानना चाहती है कि कांग्रेस इनके नेताओं को कौन सी सीटें दे रही है। इन पर विचार करने के बाद ही पार्टी अपने उम्मीदवारों के नाम का खुलासा करना चाहती है। इस उहापोह में सिटिंग एमएलए सबसे नर्वस हैं। 2007 में सीएम मोदी ने गुजरात में 47 मौजूदा विधायकों के टिकट काट दिये थे। जबकि 2012 में 30 बीजेपी विधायकों को टिकट नहीं मिला था। बीजेपी सूत्रों के मुताबिक एंटी इंकबेंसी फैक्टर की काट निकालने के पार्टी कई वर्तमान विधायकों को टिकट नहीं दे सकती है। गुजरात में 9 दिसबंर और 14 दिसंबर को मतदान है। जबकि वोटों की गिनती 18 दिसंबर को होगी।

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